राष्ट्रीय / शिक्षा | अवधेश झा | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 2 जून 2026
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने CBSE मूल्यांकन और पुनर्मूल्यांकन विवाद को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले में जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई दिखाकर वास्तविक जवाबदेही से बचने की कोशिश की जा रही है, जबकि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पूरी तरह सुरक्षित रखा गया है।
राहुल गांधी ने कहा, “CBSE अध्यक्ष का ट्रांसफर कर दिया गया, CBSE सचिव का ट्रांसफर कर दिया गया, एक सदस्यीय जांच समिति बना दी गई, लेकिन असली जिम्मेदार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान सुरक्षित हैं। अधिकारियों को हटा दिया गया, मंत्री को बचा लिया गया। यह जवाबदेही नहीं, बल्कि कवर-अप है।”
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की मांग पहले दिन से स्पष्ट है कि शिक्षा मंत्री को तत्काल पद से हटाया जाए और पूरे मामले की स्वतंत्र न्यायिक जांच कराई जाए। राहुल गांधी ने तंज कसते हुए कहा कि “हमारी मांगें कोई मोदी सरकार की एक महीने पुरानी अंदरूनी फाइल नहीं हैं, जिन्हें यूं ही भुला दिया जाए।”
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि यदि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को CBSE के 18.5 लाख छात्रों और उनके भविष्य की वास्तव में चिंता होती, तो शिक्षा मंत्री के खिलाफ अब तक कार्रवाई हो चुकी होती। उन्होंने कहा कि छात्रों और अभिभावकों को जवाब चाहिए, न कि केवल प्रशासनिक फेरबदल।
गौरतलब है कि CBSE की मूल्यांकन प्रक्रिया, तकनीकी खामियों और पुनर्मूल्यांकन व्यवस्था को लेकर पिछले कुछ दिनों से विवाद जारी है। विपक्ष लगातार इस मुद्दे पर सरकार को घेर रहा है और शिक्षा मंत्रालय की जवाबदेही तय करने की मांग कर रहा है।
CBSE विवाद को लेकर सियासी टकराव तेज होता जा रहा है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा संसद से लेकर सड़कों तक और अधिक गरमा सकता है।




