राष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 22 जुलाई 2026
NEET पेपर लीक और शिक्षा सुधार की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर जारी CJP के आंदोलन के बीच बुधवार को महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया। CJP ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से स्वास्थ्य को देखते हुए आमरण अनशन समाप्त करने की अपील की, जबकि सरकार से बातचीत के लिए भी सहमति जताई। दूसरी ओर केंद्र सरकार ने संसद में NEET पेपर लीक मुद्दे पर चर्चा कराने की इच्छा दोहराई। इस बीच 20 जुलाई के “चलो संसद” मार्च के संबंध में दिल्ली पुलिस अब तक 10 एफआईआर दर्ज कर चुकी है।
CJP संस्थापक अभिजीत दीपके और संगठन के अन्य नेताओं ने कहा कि आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक उनकी प्रमुख मांगें पूरी नहीं होतीं। उन्होंने सोनम वांगचुक से देशहित में अनशन समाप्त करने का आग्रह करते हुए कहा कि अब आंदोलन की जिम्मेदारी संगठन और जनता उठाएगी।
CJP प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि संगठन केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा से बुधवार को भी बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन यह बैठक जंतर-मंतर के पास किसी तटस्थ स्थान पर होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि सरकार केवल औपचारिक बातचीत करना चाहती है और मांगों पर गंभीर नहीं है, तो ऐसी बैठक का कोई औचित्य नहीं है।
संसद में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने घोषणा की कि सरकार NEET पेपर लीक मामले पर चर्चा कराने के लिए तैयार है। इससे पहले केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने गुरुग्राम के मेडांटा अस्पताल पहुंचकर सोनम वांगचुक से मुलाकात की थी और उनसे छात्रों से शांति बनाए रखने की अपील करने का अनुरोध किया था।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल अपने हितों के लिए छात्रों और युवाओं का इस्तेमाल राजनीतिक हथियार के रूप में कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार छात्रों की हर चिंता सुनने और उसका समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध है।
उधर दिल्ली पुलिस ने बताया कि 20 जुलाई के प्रदर्शन से जुड़े मामलों में अब तक संसद मार्ग, कनॉट प्लेस, मंदिर मार्ग, बाराखंभा रोड और कर्तव्य पथ थानों में कुल 10 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। पुलिस का कहना है कि कानून-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न मामलों की जांच जारी है। साथ ही एक RAF जवान से कथित मारपीट के मामले में भी अलग एफआईआर दर्ज की गई है।
सुप्रीम कोर्ट ने भी बुधवार को छात्र प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई को चुनौती देने वाली याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि वह इस स्तर पर वीडियो देखने या तत्काल सूचीबद्ध करने के पक्ष में नहीं है।
दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करते हुए केंद्र सरकार ने 20 अतिरिक्त CRPF कंपनियां तैनात करने का फैसला किया है। वहीं सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए दिल्ली मेट्रो के 16 स्टेशनों को अगले आदेश तक बंद कर दिया गया है, जिससे हजारों यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
इधर बिहार में भी NEET के विरोध में निकाले गए छात्र मार्च पर पुलिस ने आंसू गैस, पानी की बौछार और लाठीचार्ज का इस्तेमाल किया। वहीं केरल के कोच्चि, अमेरिका के न्यूयॉर्क और सैन जोस सहित कई स्थानों पर भी सोनम वांगचुक और छात्र आंदोलन के समर्थन में प्रदर्शन आयोजित किए गए।
CJP का कहना है कि यदि सरकार उनकी मांगें नहीं मानती, तो आने वाले दिनों में आंदोलन और व्यापक होगा। वहीं सरकार संसद में चर्चा के जरिए समाधान का रास्ता निकालने की बात कह रही है। ऐसे में अब सबकी नजर संभावित वार्ता और संसद में होने वाली चर्चा पर टिकी है।




