राष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 15 जुलाई 2026
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) से विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण (VB-G RAM G) में बदलाव के बाद श्रमिकों की संख्या में बड़ी गिरावट का दावा किया गया है। शिक्षाविदों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के समूह लिबटेक इंडिया (LibTech India) की एक रिपोर्ट के अनुसार, नई व्यवस्था लागू होने के पहले पखवाड़े में पंजीकृत श्रमिकों की संख्या 67.6 लाख घट गई।
रिपोर्ट के मुताबिक, योजना के तहत पंजीकृत श्रमिकों की संख्या 27 करोड़ से घटकर 26.33 करोड़ रह गई। यानी कुल पंजीकृत श्रमिकों में करीब 2.5 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। इसके अलावा, सक्रिय श्रमिकों की संख्या में भी गिरावट देखने को मिली। सक्रिय श्रमिक वे हैं, जिन्होंने पिछले तीन वर्षों में कम से कम एक बार योजना के तहत काम किया है। इनकी संख्या 10.84 करोड़ से घटकर 10.57 करोड़ रह गई, यानी करीब 26.3 लाख सक्रिय श्रमिक कम हो गए।
लिबटेक इंडिया का कहना है कि यह गिरावट मनरेगा से नई योजना में बदलाव के साथ ही देखने को मिली है। रिपोर्ट में आशंका जताई गई है कि संक्रमण (ट्रांजिशन) की प्रक्रिया के दौरान बड़ी संख्या में श्रमिकों के पंजीकरण और रिकॉर्ड प्रभावित हुए हो सकते हैं।
हालांकि, ग्रामीण विकास मंत्रालय ने इस दावे से असहमति जताई है। मंत्रालय का कहना है कि उसे नई व्यवस्था लागू होने के बाद किसी भी राज्य या लाभार्थी की ओर से ऐसी कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। मंत्रालय के अनुसार, योजना के संचालन में किसी प्रकार की बाधा या व्यापक स्तर पर श्रमिकों के हटाए जाने की जानकारी उसके पास नहीं है।
गौरतलब है कि ग्रामीण रोजगार से जुड़ी यह योजना देश के करोड़ों परिवारों की आजीविका का महत्वपूर्ण आधार रही है। ऐसे में श्रमिकों की संख्या में आई कथित गिरावट को लेकर रिपोर्ट ने कई सवाल खड़े किए हैं। दूसरी ओर, सरकार का कहना है कि योजना के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की समस्या नहीं है और सभी पात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ मिल रहा है।
अब इस मुद्दे पर सरकार और स्वतंत्र शोधकर्ताओं के अलग-अलग दावों के बीच यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि आधिकारिक आंकड़े और आगे की जांच क्या तस्वीर सामने लाते हैं। फिलहाल, लिबटेक इंडिया ने अपने विश्लेषण के आधार पर गिरावट का दावा किया है, जबकि ग्रामीण विकास मंत्रालय ने ऐसे दावों को स्वीकार नहीं किया है।




