[the_ad id="179"]
Home » National » WATCH VIDEO: सोनभद्र में टोल प्लाजा की गुंडागर्दी, नियम-कानून की बात पर पति–पत्नी को बेरहमी से पीटा

WATCH VIDEO: सोनभद्र में टोल प्लाजा की गुंडागर्दी, नियम-कानून की बात पर पति–पत्नी को बेरहमी से पीटा

एबीसी नेशनल न्यूज | 3 फरवरी 2026

सोनभद्र (उत्तर प्रदेश)। सोनभद्र जिले में स्थित एक टोल प्लाजा पर कानून और नियमों की बात करना एक दंपती को भारी पड़ गया। महिला अधिवक्ता आरती पाठक और उनके पति के साथ टोल प्लाजा कर्मियों द्वारा की गई कथित मारपीट, धक्का-मुक्की और अभद्रता ने पूरे जिले में सनसनी फैला दी है। यह घटना न सिर्फ टोल प्रबंधन की मनमानी को उजागर करती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि सार्वजनिक स्थानों पर कानून का सम्मान किस हद तक कमजोर हो चुका है। जिस जगह पर नागरिकों की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित होनी चाहिए, वहीं खुलेआम गुंडागर्दी का यह दृश्य सामने आना बेहद चिंताजनक माना जा रहा है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, अधिवक्ता आरती पाठक अपने पति के साथ निजी वाहन से टोल प्लाजा पार कर रही थीं। इसी दौरान टोल शुल्क और उससे जुड़े नियमों को लेकर उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से सवाल उठाए और कानूनी प्रावधानों का हवाला दिया। आरोप है कि टोल कर्मियों ने नियमों पर जवाब देने के बजाय बहस शुरू कर दी और देखते ही देखते स्थिति आक्रामक हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि टोल कर्मियों ने दंपती के साथ हाथापाई शुरू कर दी, उन्हें धक्का दिया गया और कथित तौर पर मारपीट भी की गई। कुछ देर के लिए टोल प्लाजा पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया, लेकिन मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने हस्तक्षेप करने की गंभीर कोशिश नहीं की।

इस घटना को लेकर सबसे गंभीर पहलू यह है कि पीड़ित महिला एक वकील हैं, जो कानून की जानकारी रखती हैं और उसी के आधार पर अपनी बात रख रही थीं। इसके बावजूद उनके साथ जिस तरह का व्यवहार किया गया, उसने कानून-व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टोल कर्मियों ने न सिर्फ शारीरिक बल का प्रयोग किया, बल्कि डराने-धमकाने और अपमानजनक भाषा का भी इस्तेमाल किया। यह स्थिति दर्शाती है कि टोल प्लाजा जैसे संवेदनशील और सार्वजनिक स्थलों पर काम कर रहे कर्मचारियों में कानून का भय समाप्त होता जा रहा है।

घटना के बाद पीड़िता की ओर से स्थानीय थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है। शिकायत में साफ तौर पर आरोप लगाया गया है कि टोल कर्मियों ने एकजुट होकर दंपती पर हमला किया और उनकी सुरक्षा को गंभीर खतरे में डाला। पीड़ित पक्ष ने मांग की है कि दोषियों के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए, टोल प्लाजा पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज सुरक्षित कर उसकी निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी पाए जाने वाले कर्मियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही यह भी मांग उठी है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए टोल प्रबंधन की जवाबदेही तय की जाए।

इस मामले ने एक बार फिर यह बहस तेज कर दी है कि क्या आम आदमी या कोई भी जागरूक नागरिक आज सार्वजनिक स्थानों पर अपने अधिकारों और नियमों की बात भी सुरक्षित तरीके से कर सकता है या नहीं। यदि कानून जानने और उसकी बात करने पर मारपीट होगी, तो आम आदमी का भरोसा व्यवस्था से कैसे बचेगा—यह सवाल अब सोनभद्र से निकलकर पूरे प्रदेश में गूंज रहा है। फिलहाल पुलिस की आधिकारिक कार्रवाई और प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार है, लेकिन जनभावना साफ है कि इस मामले में कोई भी ढिलाई अब स्वीकार्य नहीं होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *