अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | ढाका/नई दिल्ली | 5 अगस्त 2026
बांग्लादेश के पूर्व क्रिकेट कप्तान और दिग्गज ऑलराउंडर शाकिब अल हसन के मगुरा स्थित घर पर बुधवार रात अज्ञात लोगों ने हमला कर दिया। यह घटना ऐसे समय हुई जब कुछ ही घंटे पहले शाकिब ने बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लिया था। हसीना ने दिल्ली से वर्चुअल माध्यम से मीडिया को संबोधित किया था।
पुलिस के मुताबिक हमलावरों ने शाकिब के घर में तोड़फोड़ की और संपत्ति को आग लगाने का प्रयास किया। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया कि हमले के दौरान घर पर पेट्रोल बम भी फेंके गए, हालांकि पुलिस ने फिलहाल पेट्रोल बम के इस्तेमाल की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
घटना स्थानीय समय के अनुसार रात करीब 8:45 बजे हुई। आसपास रहने वाले लोगों ने हमले के दौरान धमाके जैसी तेज आवाजें सुनने की बात कही। कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने इन आवाजों को पटाखों जैसी आवाज बताया। घर पर पत्थर फेंके जाने की जानकारी भी सामने आई है।
हमले की टाइमिंग ने घटना को राजनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील बना दिया है। शाकिब अल हसन कुछ घंटे पहले ही उस मीडिया कार्यक्रम में शामिल हुए थे जिसमें शेख हसीना ने बांग्लादेश लौटने की अपनी योजना और देश की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों पर खुलकर बात की थी। ऐसे में हमले के पीछे राजनीतिक कारण था या कोई दूसरी वजह, यह अभी जांच का विषय है।
शेख हसीना अगस्त 2024 में सत्ता से हटने के बाद से भारत में रह रही हैं। बुधवार की प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने दिसंबर में बांग्लादेश लौटने की योजना की घोषणा की और कहा कि वापसी के बाद उन्हें जेल भेजे जाने या उनकी जान को खतरा होने की आशंका भी उन्हें अपने फैसले से नहीं रोक सकती।
शाकिब का नाम बांग्लादेश की राजनीति से भी जुड़ा रहा है। इसलिए हसीना की प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनकी मौजूदगी और उसके कुछ ही घंटों बाद उनके घर पर हमला होने से घटना ने खेल से कहीं आगे राजनीतिक और सुरक्षा संबंधी सवाल खड़े कर दिए हैं।
फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण तथ्य यह है कि घर पर हमले और तोड़फोड़ की बात सामने आई है, लेकिन पेट्रोल बम के इस्तेमाल की पुलिस ने आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। हमलावरों की पहचान और हमले के मकसद को लेकर भी तत्काल कोई निर्णायक जानकारी सामने नहीं आई है।
अगर जांच में यह स्थापित होता है कि हमला शाकिब की राजनीतिक मौजूदगी या हसीना के कार्यक्रम में भाग लेने से जुड़ा था, तो यह बांग्लादेश में राजनीतिक असहमति और सार्वजनिक हस्तियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा करेगा। फिलहाल जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि शाकिब के घर को निशाना क्यों बनाया गया और हमले के पीछे कौन लोग थे।




