टेक्नोलॉजी | मोबनी मजुमदार | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 29 अप्रैल 2026
अगर आप हर जगह आधार कार्ड की फोटोकॉपी देते वक्त यह सोचकर परेशान होते हैं कि कहीं आपकी निजी जानकारी का गलत इस्तेमाल न हो जाए, तो आपके लिए राहत की खबर है। सरकार अब आधार कार्ड के डिजाइन में बड़ा बदलाव करने की तैयारी में है, जिससे आपकी प्राइवेसी पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित हो जाएगी।
UIDAI की नई योजना के तहत आधार कार्ड का लुक और काम करने का तरीका दोनों बदलने वाले हैं। अब तक जिस कार्ड पर आपका नाम, पता और 12 अंकों का आधार नंबर साफ-साफ छपा होता था, वह सब जानकारी आने वाले समय में कार्ड से हटाई जा सकती है।
इस नए डिजाइन की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि आधार कार्ड पर केवल आपकी फोटो और एक सुरक्षित QR कोड होगा। यानी जो भी आपकी निजी जानकारी है—जैसे नाम, पता, जन्मतिथि और आधार नंबर—वह अब कार्ड पर दिखने के बजाय QR कोड के अंदर एन्क्रिप्टेड यानी सुरक्षित तरीके से छिपी रहेगी। इस कोड को सिर्फ अधिकृत ऐप या स्कैनर से ही पढ़ा जा सकेगा।
अभी तक कई जगहों पर आधार की फोटोकॉपी जमा करनी पड़ती है—चाहे होटल में चेक-इन हो, सिम कार्ड लेना हो या किसी ऑफिस में दस्तावेज देना हो। ऐसे में कई बार यह डर बना रहता है कि आपकी जानकारी कहीं स्टोर या गलत इस्तेमाल न हो जाए। यही वजह है कि सरकार इस पूरी प्रक्रिया को ज्यादा सुरक्षित और डिजिटल बनाने की दिशा में कदम बढ़ा रही है।
नए सिस्टम में अगर आप किसी को अपना आधार दिखाते हैं, तो सामने वाला व्यक्ति QR कोड स्कैन करके ही आपकी जानकारी देख पाएगा। इससे यह भी तय होगा कि आपकी जानकारी केवल जरूरत के मुताबिक ही शेयर हो और किसी के पास आपकी पूरी डिटेल्स की कॉपी न रहे। यानी आपकी पहचान आपके कंट्रोल में रहेगी।
सरकार पहले ही डिजिटल आधार को बढ़ावा देने के लिए ऐप का नया वर्जन लॉन्च कर चुकी है, जिससे आप बिना फिजिकल कार्ड के भी अपनी पहचान वेरिफाई कर सकते हैं। अब कार्ड के डिजाइन में बदलाव उसी दिशा में अगला बड़ा कदम माना जा रहा है। यह बदलाव “आधार विजन 2032” के तहत किया जा रहा है, जिसके लिए एक हाई-लेवल कमेटी भी काम कर रही है। अभी यह बदलाव पूरी तरह लागू नहीं हुआ है, लेकिन जैसे ही इसे आधिकारिक मंजूरी मिलती है, आप UIDAI की वेबसाइट के जरिए नए डिजाइन वाला आधार कार्ड मंगवा सकेंगे। यह प्रक्रिया काफी हद तक उसी तरह होगी, जैसे अभी PVC आधार कार्ड ऑर्डर किया जाता है।
आपके लिए फिलहाल सबसे जरूरी बात यह है कि जब तक नया सिस्टम पूरी तरह लागू नहीं हो जाता, तब तक कोशिश करें कि आधार की फोटोकॉपी कम से कम शेयर करें और जहां संभव हो, डिजिटल आधार या QR कोड आधारित वेरिफिकेशन का इस्तेमाल करें। यह बदलाव सिर्फ कार्ड के डिजाइन का नहीं, बल्कि आपकी डिजिटल पहचान को ज्यादा सुरक्षित और स्मार्ट बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। आने वाले समय में आधार कार्ड सिर्फ एक कागज का दस्तावेज नहीं, बल्कि पूरी तरह सुरक्षित डिजिटल पहचान का माध्यम बन जाएगा।




