Home » International » उत्तर कोरिया ने दिखाई नई परमाणु फैक्ट्री, किम जोंग उन ने हथियार भंडार बढ़ाने का किया ऐलान

उत्तर कोरिया ने दिखाई नई परमाणु फैक्ट्री, किम जोंग उन ने हथियार भंडार बढ़ाने का किया ऐलान

अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | प्योंगयांग | 4 जून 2026

परमाणु शक्ति बनने की अपनी महत्वाकांक्षा को और आक्रामक रूप देते हुए उत्तर कोरिया ने एक नई परमाणु सामग्री उत्पादन फैक्ट्री का खुलासा किया है। देश के सर्वोच्च नेता Kim Jong Un ने इस संयंत्र का निरीक्षण करते हुए देश के परमाणु हथियार भंडार को “घातीय गति” से बढ़ाने का ऐलान किया है। उत्तर कोरिया की सरकारी समाचार एजेंसी KCNA के अनुसार, यह नया संयंत्र हथियार-ग्रेड परमाणु सामग्री के उत्पादन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

किम जोंग उन ने दावा किया कि पिछले पांच वर्षों में उत्तर कोरिया की परमाणु सामग्री उत्पादन क्षमता दोगुने से अधिक बढ़ चुकी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भविष्य की रणनीतिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए उत्पादन क्षमता को और विस्तार दिया जाए। सरकारी मीडिया द्वारा जारी तस्वीरों में किम को अत्याधुनिक सेंट्रीफ्यूज उपकरणों के बीच निरीक्षण करते देखा गया, जिससे विशेषज्ञों का अनुमान है कि यह यूरेनियम संवर्धन (Enrichment) केंद्र हो सकता है।

विश्लेषकों का मानना है कि यह संयंत्र संभवतः उत्तर कोरिया के प्रमुख परमाणु परिसर योंगब्योन से जुड़ा हो सकता है। हाल ही में अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) ने भी चेतावनी दी थी कि उत्तर कोरिया अपनी परमाणु हथियार उत्पादन क्षमता में तेजी से वृद्धि कर रहा है और कई परमाणु सुविधाओं में गतिविधियां बढ़ी हैं।

इस कदम को अमेरिका, दक्षिण कोरिया और जापान के लिए एक स्पष्ट रणनीतिक संदेश माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि प्योंगयांग दुनिया को यह संकेत देना चाहता है कि उसका परमाणु कार्यक्रम किसी भी परिस्थिति में रुकने वाला नहीं है और वह स्वयं को स्थायी परमाणु शक्ति के रूप में स्थापित करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

ALSO READ  नाइजीरिया में अब तक का सबसे बड़ा अपहरण: कैथोलिक स्कूल से 315 छात्र-शिक्षक अगवा, देशभर में हड़कंप

उत्तर कोरिया का यह खुलासा ऐसे समय में हुआ है जब वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य पहले से ही तनावपूर्ण बना हुआ है। नई परमाणु फैक्ट्री और हथियार भंडार बढ़ाने की घोषणा से एशिया-प्रशांत क्षेत्र में सामरिक प्रतिस्पर्धा और तेज हो सकती है। यह कदम आने वाले समय में अमेरिका और उसके सहयोगी देशों के लिए नई सुरक्षा चुनौतियां खड़ी कर सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *