एनसीआर / शहरी संकट | ABC NATIONAL NEWS | गुरुग्राम | 23 मई 2026
साइबर सिटी गुरुग्राम शुक्रवार रात बड़े बिजली संकट की चपेट में आ गया, जब सेक्टर-72 स्थित 220 KVA के मुख्य ट्रांसफार्मर में अचानक आग लगने और उसके फुंक जाने से शहर के कई प्रमुख इलाकों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। इस तकनीकी खराबी का सबसे बड़ा असर रैपिड मेट्रो सेवा पर पड़ा, जिसके रुक जाने से सैकड़ों यात्री बीच ट्रैक पर फंस गए। मुख्य ट्रांसफार्मर खराब होने के बाद सेक्टर-15, 38, 44, 46, 52, 56 और मारुति 66 KVA सहित सात बड़े सब-स्टेशन प्रभावित हो गए। इसके चलते सेक्टर-38 से लेकर सेक्टर-57 तक कई रिहायशी और कॉर्पोरेट इलाकों में अचानक अंधेरा छा गया।
बिजली कटने के कारण रात करीब 9 बजे रैपिड मेट्रो सेवा पूरी तरह बाधित हो गई। कई ट्रेनें ट्रैक पर रुक गईं, जिसके बाद यात्रियों को मजबूरी में ट्रैक पर पैदल चलते हुए बाहर निकलना पड़ा। सोशल मीडिया पर भी कई वीडियो सामने आए जिनमें यात्री अंधेरे और गर्मी के बीच ट्रैक पर चलते दिखाई दिए।
इस संकट का सबसे अधिक असर आईटी और कॉर्पोरेट सेक्टर से जुड़े कर्मचारियों पर पड़ा, क्योंकि गुरुग्राम की रैपिड मेट्रो रोजाना हजारों प्रोफेशनल्स की जीवनरेखा मानी जाती है। ऑफिस से लौट रहे लोगों को घंटों परेशानी झेलनी पड़ी।
बिजली विभाग के अधिकारियों के अनुसार, मुख्य ट्रांसफार्मर को ठीक करने या बदलने में कम से कम 8 से 10 घंटे का समय लग सकता है। विभाग की कई तकनीकी टीमें मौके पर मरम्मत कार्य में जुटी हुई हैं। अधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि शनिवार सुबह तक बिजली और मेट्रो सेवा आंशिक रूप से बहाल की जा सकती है।
इस घटना ने गुरुग्राम जैसे हाई-टेक शहर की बुनियादी ढांचे की तैयारियों पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। लगातार बढ़ती गर्मी और बिजली की मांग के बीच ट्रांसफार्मर फेल होने की घटनाएं चिंता का विषय बनती जा रही हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि गुरुग्राम की तेज शहरी आबादी और कॉर्पोरेट विस्तार के मुकाबले बिजली ढांचा पर्याप्त तेजी से मजबूत नहीं हो पाया है। ऐसे में एक बड़े ट्रांसफार्मर की खराबी पूरे शहर की व्यवस्था को प्रभावित कर देती है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में ऐसी आपात स्थितियों से निपटने के लिए बैकअप पावर सिस्टम और मेट्रो सुरक्षा प्रबंधन को और मजबूत किया जाए। वहीं, रैपिड मेट्रो प्रबंधन ने यात्रियों से असुविधा के लिए खेद जताते हुए जल्द सेवा बहाल करने का आश्वासन दिया है।





