एबीसी नेशनल न्यूज | मॉस्को/तेहरान | 28 फरवरी 2026
ईरान पर इजरायल और संयुक्त राज्य अमेरिका के कथित संयुक्त हमलों को लेकर रूस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। रूसी विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा कि यह कार्रवाई “एक संप्रभु देश के खिलाफ आक्रामक कदम” है और इससे क्षेत्र में अस्थिरता और बढ़ेगी। मॉस्को ने इसे तेहरान में सत्ता परिवर्तन की कोशिश करार देते हुए तत्काल सैन्य कार्रवाई रोकने की अपील की है।
रूस का कहना है कि किसी भी देश की आंतरिक राजनीति में बाहरी दखल अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर की भावना के खिलाफ है। बयान में चेतावनी दी गई कि इस तरह की सैन्य कार्रवाइयों से पश्चिम एशिया में व्यापक संघर्ष छिड़ सकता है, जिसका असर वैश्विक तेल बाजार और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर भी पड़ेगा।
उधर, इजरायल की ओर से दावा किया गया है कि कार्रवाई ईरान के सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाकर की गई। अमेरिकी पक्ष ने भी कहा है कि कदम क्षेत्रीय सुरक्षा के मद्देनजर उठाए गए। हालांकि, ईरान ने इन हमलों को “सीधी आक्रामकता” बताते हुए जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
रूसी विदेश मंत्री ने सभी पक्षों से संयम बरतने और बातचीत के जरिए समाधान निकालने की अपील की है। मॉस्को का कहना है कि हालात को युद्ध की ओर धकेलने के बजाय कूटनीति का रास्ता अपनाना ही वैश्विक शांति के हित में है। इस घटनाक्रम के बाद पश्चिम एशिया में तनाव चरम पर है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें आने वाले दिनों पर टिकी हैं।




