राष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | चेन्नई | 2 अगस्त 2026
तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी (TNCC) के अध्यक्ष और सांसद बी. मणिकम टैगोर ने साफ किया है कि कांग्रेस और उसके INDIA गठबंधन के सहयोगी परिसीमन बिल का विरोध जारी रखेंगे। उनका कहना है कि प्रस्तावित परिसीमन तमिलनाडु के हितों के खिलाफ है और इससे राज्य के राजनीतिक प्रतिनिधित्व पर असर पड़ सकता है।
चेन्नई में रविवार को पत्रकारों से बातचीत में टैगोर ने आरोप लगाया कि भाजपा अपने खिलाफ बढ़ते जन असंतोष के बीच संसद में परिसीमन बिल को आगे बढ़ाने की कोशिश कर सकती है। उन्होंने कहा कि ऐसी किसी भी कोशिश का कांग्रेस और उसके सहयोगी दल विरोध करेंगे।
‘तमिलनाडु के खिलाफ है परिसीमन’
मणिकम टैगोर ने कहा कि परिसीमन का सवाल केवल सीटों की संख्या का नहीं, बल्कि तमिलनाडु के अधिकार और संसद में उसके प्रतिनिधित्व से जुड़ा हुआ है। उन्होंने सवाल उठाया कि इस मुद्दे पर कौन से राजनीतिक दल भाजपा, पीएमके और AIADMK के साथ खड़े होते हैं।
DMK को भी याद दिलाया पुराना रुख
टैगोर ने DMK का सीधे नाम लिए बिना उसके पुराने रुख की ओर भी इशारा किया। उन्होंने कहा कि तमिलनाडु की जनता को याद है कि पहले इस बिल की प्रतियां किसने जलाई थीं। उन्होंने उम्मीद जताई कि जिन दलों ने पहले इसका विरोध किया था, वे अब अपना रुख नहीं बदलेंगे।
परिसीमन पर तमिलनाडु की राजनीति गरम
परिसीमन का मुद्दा तमिलनाडु में लगातार बड़ा राजनीतिक सवाल बनता जा रहा है। दक्षिणी राज्यों में यह चिंता जताई जाती रही है कि आबादी के आधार पर लोकसभा सीटों के नए परिसीमन से जनसंख्या नियंत्रण में बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों का संसद में सापेक्ष प्रतिनिधित्व कम हो सकता है।
कांग्रेस ने संकेत दे दिया है कि यदि परिसीमन को लेकर कोई विधायी प्रस्ताव संसद में आगे बढ़ता है, तो यह मुद्दा केंद्र बनाम विपक्ष के बड़े राजनीतिक टकराव में बदल सकता है।




