राजनीति | ABC NATIONAL NEWS | चेन्नई | 25 जून 2026
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश देते हुए स्पष्ट किया कि उनकी सरकार केंद्र के साथ “सहकारी संघवाद” और “राज्य स्वायत्तता” की नीति पर आगे बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी वैचारिक रूप से केंद्र की बीजेपी सरकार की विरोधी है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि हर मुद्दे पर केवल विरोध के लिए विरोध किया जाएगा।
विजय ने साफ शब्दों में कहा कि राजनीति और प्रशासन को अलग-अलग नजरिए से देखने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जहां राजनीतिक और वैचारिक मुद्दों पर उनकी पार्टी बीजेपी का विरोध करती रहेगी, वहीं राज्य के विकास, निवेश, बुनियादी ढांचे और जनहित के मामलों में केंद्र सरकार के साथ सहयोग जारी रहेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि तमिलनाडु सरकार राज्य के अधिकारों और संघीय ढांचे की मजबूती के लिए प्रतिबद्ध है। लेकिन साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि राजनीतिक मतभेदों का खामियाजा जनता को न भुगतना पड़े।
विधानसभा में विपक्ष द्वारा कानून-व्यवस्था के मुद्दे उठाए जाने पर विजय ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि कुछ विपक्षी दल वास्तविक चिंता के बजाय केवल सरकार की छवि खराब करने और राजनीतिक प्रचार के उद्देश्य से ऐसे मुद्दों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और तमिलनाडु देश के सबसे स्थिर राज्यों में से एक बना हुआ है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि विजय का यह बयान उनकी सरकार की नई राजनीतिक रणनीति का संकेत है। एक ओर वे तमिल पहचान, राज्य अधिकारों और केंद्र की नीतियों पर वैचारिक विपक्ष की भूमिका निभाना चाहते हैं, वहीं दूसरी ओर निवेश और विकास परियोजनाओं के लिए केंद्र के साथ टकराव से बचना भी चाहते हैं।
तमिलनाडु की राजनीति में लंबे समय से केंद्र-राज्य संबंध एक बड़ा चुनावी मुद्दा रहे हैं। ऐसे में विजय का यह रुख उन्हें उन मतदाताओं के बीच संतुलित नेता के रूप में स्थापित करने की कोशिश माना जा रहा है, जो राजनीतिक स्वाभिमान के साथ-साथ विकास और प्रशासनिक स्थिरता भी चाहते हैं।
मुख्यमंत्री के बयान से यह स्पष्ट संकेत गया है कि उनकी सरकार बीजेपी के खिलाफ राजनीतिक लड़ाई जारी रखेगी, लेकिन राज्यहित के मुद्दों पर सहयोग का रास्ता भी खुला रखेगी। आने वाले दिनों में यही नीति तमिलनाडु और केंद्र सरकार के संबंधों की दिशा तय कर सकती है।




