राजनीति | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 17 मार्च 2026
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और AICC के मीडिया एवं पब्लिसिटी विभाग के चेयरमैन Pawan Khera ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो साझा करते हुए मौजूदा राजनीतिक माहौल की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने अपने संदेश में कहा, “यह इम्तिहान की घड़ी है—क्या हम अपने धर्म को, अपनी सभ्यता को, अपनी विरासत को, अपने देश को इन गुंडों के हाथों में सौंप देंगे?” उनके इस बयान ने राजनीतिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है। करीब चार मिनट के वीडियो के साथ किए गए इस पोस्ट को कुछ ही घंटों में हजारों लाइक्स, रीपोस्ट और व्यूज मिल चुके हैं, जिससे यह तेजी से वायरल हो गया। खेड़ा के इस बयान को कांग्रेस की ओर से मौजूदा परिस्थितियों पर सीधा हमला माना जा रहा है। उन्होंने “गुंडों” शब्द का इस्तेमाल करते हुए उन ताकतों पर निशाना साधा, जिन्हें वे देश की सामाजिक और सांस्कृतिक एकता के लिए खतरा बता रहे हैं।
पवन खेड़ा ने अपने बयान में “धर्म”, “सभ्यता” और “विरासत” जैसे शब्दों का इस्तेमाल कर भावनात्मक अपील भी की। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बयान केवल राजनीतिक विरोध तक सीमित नहीं है, बल्कि व्यापक सामाजिक संदेश देने की कोशिश भी है। कांग्रेस नेता लंबे समय से संविधान, सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा को लेकर मुखर रहे हैं और यह बयान उसी कड़ी का हिस्सा माना जा रहा है।
खेड़ा इससे पहले भी बीजेपी और उससे जुड़े संगठनों पर तीखे हमले करते रहे हैं। उनके बयानों में अक्सर नफरत की राजनीति, सामाजिक ध्रुवीकरण और हिंसा जैसे मुद्दे प्रमुख रहते हैं। इस बार भी उनका इशारा उन्हीं मुद्दों की ओर माना जा रहा है, हालांकि उन्होंने अपने पोस्ट में किसी विशेष घटना या संगठन का नाम नहीं लिया।
सोशल मीडिया पर इस बयान को लेकर तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। जहां कांग्रेस समर्थक इसे देश की एकता और मूल्यों की रक्षा के लिए जरूरी आवाज बता रहे हैं, वहीं विपक्षी दल इसे राजनीतिक बयानबाजी करार दे रहे हैं। पवन खेड़ा का यह बयान देश की मौजूदा राजनीतिक बहस का केंद्र बन गया है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि इस पर अन्य राजनीतिक दलों और नेताओं की क्या प्रतिक्रिया सामने आती है और क्या यह मुद्दा आगे और तूल पकड़ता है।




