एबीसी डेस्क 10 दिसंबर 2025
कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने सत्तापक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि जो लोग ‘वंदे मातरम्’ की जगह ‘वंदे भारत’ बोलने वालों पर देशभक्ति का पाठ पढ़ाने निकल पड़ते हैं, उन्हें अब अपनी ही नेतृत्व की भाषा पर ध्यान देना चाहिए, क्योंकि खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सार्वजनिक मंच पर ‘वंदे भारत’ कहा है। श्रीनेत ने ट्वीट में लिखा कि राष्ट्रभक्ति और ‘वंदे मातरम्’ पर ज्ञान देने वाले खुद इस वास्तविकता को स्वीकार करने से बचते हैं कि प्रधानमंत्री के शब्द उनके पूरे तर्क को खारिज कर देते हैं। उनका कहना था कि जो लोग विरोधियों को राष्ट्रवाद का प्रमाणपत्र बांटते हैं, वे अब बताएं कि जब प्रधानमंत्री ही वही शब्द इस्तेमाल करें तो क्या इसे भी राष्ट्रविरोध माना जाएगा? उनका यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है—जहाँ समर्थक इसे सत्तापक्ष की दोहरी राजनीति का पर्दाफाश बताते हैं, वहीं कुछ लोग इस विवाद को अनावश्यक और राजनीतिक नौटंकी कहकर खारिज कर रहे हैं। लेकिन इसमें संदेह नहीं कि ‘वंदे मातरम्’ बनाम ‘वंदे भारत’ की बहस, जो पहले से ही संसद और राजनीति के गलियारों में गरम है, सुप्रिया श्रीनेत के इस बयान से और अधिक तीखी हो चुकी है।




