नजीब मालिक | बरेली 28 दिसंबर 2025
सोशल मीडिया पर उठे तीखे सवालों और जनता के गुस्से के बाद आखिरकार बरेली पुलिस को कदम उठाना पड़ा। गौ-रक्षा दल से जुड़े ऋषभ ठाकुर, दीपक पाठक और 25 अन्य लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई है। यह वही ऋषभ ठाकुर है, जो पहले भी अपनी भड़काऊ हरकतों और वीडियो के कारण विवादों में रहा है। ऋषभ ठाकुर ने हाल ही में मौलाना अरशद मदनी के खिलाफ एक और आपत्तिजनक वीडियो बनाया था। इससे पहले उसने बरेली के एक सार्वजनिक शौचालय का वीडियो बनाकर वहां ‘बाबर’ और ‘मौलाना अरशद मदनी’ के पोस्टर चिपकाकर उसे सोशल मीडिया पर डाला था। इस वीडियो का मकसद साफ था—नफरत फैलाना, माहौल बिगाड़ना और एक खास समुदाय को निशाना बनाना।
जब यह मामला सामने आया था, तब बरेली पुलिस ने सोशल मीडिया पर ट्वीट कर कहा था कि वे मामले की “जांच कर रहे हैं।” लेकिन लंबे समय तक न तो कोई कार्रवाई दिखी और न ही कोई अपडेट आया। इससे आम लोगों में यह सवाल गहराने लगा कि क्या कानून सबके लिए बराबर है या फिर कुछ लोग खुलेआम माहौल खराब करते रहेंगे।
अब, जब सोशल मीडिया पर लगातार दबाव बना, तब जाकर पुलिस ने FIR दर्ज की। हालांकि लोगों का कहना है कि सवाल सिर्फ FIR का नहीं, बल्कि समय पर और निष्पक्ष कार्रवाई का है। नफरत फैलाने वाले वीडियो और उकसाने वाली हरकतें किसी भी समाज को भीतर से खोखला करती हैं।
यह मामला एक बार फिर याद दिलाता है कि कानून की असली परीक्षा तब होती है, जब वह ताकतवर या शोर मचाने वालों के खिलाफ भी उसी सख्ती से लागू हो। अब निगाहें इस पर टिकी हैं कि क्या पुलिस आगे भी उसी गंभीरता से कार्रवाई करेगी या यह मामला भी वक्त के साथ ठंडे बस्ते में चला जाएगा।




