भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और वरिष्ठ कांग्रेस नेता मोहम्मद अजहरुद्दीन ने आज तेलंगाना सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ ली। राज्यपाल श्री जिष्णु देव वर्मा गरु ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री ए. रेवंत रेड्डी गरु, वरिष्ठ नेता और कांग्रेस के कई शीर्ष पदाधिकारी मौजूद रहे।
शपथग्रहण के बाद अजहरुद्दीन ने कहा कि यह क्षण उनके लिए अत्यंत गर्व और विनम्रता का है। उन्होंने कहा, “मुझे जनता की सेवा का जो अवसर मिला है, वह मेरे जीवन का सबसे बड़ा सम्मान है। मैं पूरे समर्पण, ईमानदारी और निष्ठा के साथ तेलंगाना की जनता की सेवा करता रहूंगा। जनसेवा ही मेरा धर्म है।”
अजहरुद्दीन ने कांग्रेस नेतृत्व के प्रति अपनी गहरी कृतज्ञता व्यक्त की। उन्होंने कहा, “मैं अपने मार्गदर्शक और प्रेरणास्रोत श्री मल्लिकार्जुन खड़गे जी, श्रीमती सोनिया गांधी जी, श्री राहुल गांधी जी, श्रीमती प्रियंका गांधी जी, और श्री के.सी. वेणुगोपाल जी का हृदय से आभारी हूं, जिन्होंने मुझ पर विश्वास जताया और हमेशा मार्गदर्शन दिया।”
उन्होंने तेलंगाना के मुख्यमंत्री श्री ए. रेवंत रेड्डी गरु, श्री महेश गौड़ गरु, श्रीमती मीनाक्षी नटराजन, श्री पी. विश्वनाथन, और मंत्रिपरिषद के सभी सहयोगियों को भी धन्यवाद दिया। अजहरुद्दीन ने कहा कि वे सभी मिलकर राज्य को विकास, रोजगार और सामाजिक सद्भाव की दिशा में आगे ले जाने के लिए काम करेंगे।
अपने संबोधन में अजहरुद्दीन ने विशेष रूप से तेलंगाना की जनता के प्रति आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा, “तेलंगाना के लोगों ने मुझे जो स्नेह और विश्वास दिया है, वह अमूल्य है। मैं वादा करता हूं कि आपके विश्वास को मैं कभी टूटने नहीं दूंगा।”
पूर्व भारतीय कप्तान के राजनीति में यह नया पड़ाव उनके लिए एक ऐतिहासिक मोड़ माना जा रहा है। क्रिकेट के मैदान पर अनुशासन और नेतृत्व के प्रतीक रहे अजहरुद्दीन से अब तेलंगाना की जनता उम्मीद कर रही है कि वे प्रशासनिक मैदान में भी उसी लगन और समर्पण के साथ नया इतिहास रचेंगे।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अजहरुद्दीन का कैबिनेट में शामिल होना कांग्रेस की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसके तहत पार्टी अनुभवी चेहरों और जनस्वीकार्य नेताओं को शासन में प्रमुख भूमिका दे रही है। इससे सरकार को नई ऊर्जा, अनुभव और जनता से सीधा जुड़ाव मिलेगा।
इस शपथग्रहण के साथ तेलंगाना की राजनीति में एक नई उम्मीद की शुरुआत हुई है। लोग विश्वास कर रहे हैं कि अजहरुद्दीन जैसे लोकप्रिय नेता की सक्रिय भूमिका राज्य को विकास, पारदर्शिता और सुशासन की नई दिशा में ले जाएगी।




