Home » National » संसद में संवाद, बाहर समाधान: गडकरी–प्रियंका मुलाक़ात से वायनाड को सड़कों की उम्मीद

संसद में संवाद, बाहर समाधान: गडकरी–प्रियंका मुलाक़ात से वायनाड को सड़कों की उम्मीद

Facebook
WhatsApp
X
Telegram

एबीसी डेस्क 18 दिसंबर 2025

आज संसद में चर्चा के दौरान एक मानवीय और सकारात्मक पल देखने को मिला। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने लोकसभा में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से अपने संसदीय क्षेत्र वायनाड को लेकर शिकायत रखी। उन्होंने बताया कि वह जून महीने से उनसे मिलने का समय मांग रही थीं, लेकिन अब तक मुलाकात नहीं हो पाई।

प्रियंका गांधी की बात सुनते ही नितिन गडकरी ने तुरंत जवाब दिया और माहौल को सहज बना दिया। उन्होंने कहा, “आपको किसी अपॉइंटमेंट की जरूरत नहीं है। सदन की कार्यवाही के बाद आप सीधे मेरे ऑफिस आकर मिलिए।” यह जवाब सुनकर सदन में मौजूद कई सांसदों ने इसे एक सकारात्मक और सहयोगपूर्ण संकेत के रूप में देखा।

संसद की कार्यवाही खत्म होने के बाद प्रियंका गांधी गडकरी के कार्यालय पहुंचीं। वहां उन्होंने वायनाड क्षेत्र की छह महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को जल्द पूरा करने का अनुरोध किया। प्रियंका ने साफ शब्दों में कहा कि इन सड़कों से क्षेत्र के लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी आसान होगी और विकास को गति मिलेगी।

नितिन गडकरी ने इन सभी योजनाओं को पूरा करने का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि वायनाड की सड़क परियोजनाओं पर गंभीरता से काम किया जाएगा और जरूरी कदम उठाए जाएंगे। यह आश्वासन वायनाड के लोगों के लिए राहत भरी खबर माना जा रहा है।

मुलाकात का एक और मानवीय पहलू भी सामने आया। बातचीत के दौरान नितिन गडकरी ने प्रियंका गांधी को अपने हाथों से बनाई हुई डिश भी खिलाई। इस छोटे से लेकिन आत्मीय व्यवहार ने यह संदेश दिया कि राजनीति के मतभेदों के बावजूद आपसी सम्मान और संवाद संभव है।

यह मुलाकात दिखाती है कि जब जनहित का मुद्दा हो, तो राजनीति की दीवारें भी नरम पड़ सकती हैं। वायनाड के लिए सड़कों का वादा और नेताओं के बीच यह सहज संवाद लोकतंत्र की एक सकारात्मक तस्वीर पेश करता है।

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments