Home » Science & Tech » साल का आखिरी सूर्य ग्रहण आज रात 11 बजे से, जानिए भारत में दिखाई देगा या नहीं

साल का आखिरी सूर्य ग्रहण आज रात 11 बजे से, जानिए भारत में दिखाई देगा या नहीं

Facebook
WhatsApp
X
Telegram

नई दिल्ली 20 सितंबर 2025

खगोल विज्ञान प्रेमियों और ज्योतिष में विश्वास रखने वालों के लिए आज की रात बेहद खास होने जा रही है। 2025 का आख़िरी सूर्य ग्रहण आज यानी शुक्रवार की रात 11 बजे से शुरू होगा। इस खगोलीय घटना को लेकर वैज्ञानिक और ज्योतिषी दोनों ही उत्साहित हैं। लेकिन बड़ा सवाल यही है कि क्या यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई देगा और सूतक काल कब से लागू होगा?

सूर्य ग्रहण का समय और अवधि

यह सूर्य ग्रहण भारतीय समयानुसार रात 11 बजे से शुरू होगा और तड़के करीब 3 बजे तक चलेगा। यानी इसकी कुल अवधि लगभग चार घंटे रहने वाली है। हालांकि यह ग्रहण मुख्य रूप से अमेरिका, यूरोप और अफ्रीका के कुछ हिस्सों से साफ़-साफ़ दिखाई देगा। भारत में इसे प्रत्यक्ष तौर पर नहीं देखा जा सकेगा, क्योंकि यहां उस समय रात होगी और सूर्य क्षितिज पर मौजूद नहीं होगा।

भारत में प्रभाव और सूतक काल

ज्योतिषीय मान्यताओं के मुताबिक, सूर्य ग्रहण का असर उन जगहों पर माना जाता है जहां से यह प्रत्यक्ष रूप से दिखाई देता है। चूंकि यह ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा, इसलिए सूतक काल का प्रभाव भी यहां लागू नहीं होगा। यानी भारत में मंदिरों के पट बंद करने या धार्मिक गतिविधियों पर रोक जैसी स्थिति नहीं होगी। हालांकि खगोलीय दृष्टि से यह घटना महत्वपूर्ण बनी रहेगी।

वैज्ञानिकों की राय

वैज्ञानिकों के अनुसार सूर्य ग्रहण एक सामान्य खगोलीय घटना है, जब चंद्रमा पृथ्वी और सूर्य के बीच आ जाता है और सूर्य की किरणों को आंशिक या पूर्ण रूप से ढक देता है। यह घटना ब्रह्मांड की गति और खगोलीय संतुलन को समझने में अहम भूमिका निभाती है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस ग्रहण के दौरान कई देशों में शोधकर्ता वातावरण और सौर ऊर्जा पर इसके असर का अध्ययन करेंगे।

धार्मिक मान्यता और परंपराएँ

भारत में ग्रहणों को लेकर कई धार्मिक मान्यताएँ प्रचलित हैं। आमतौर पर ग्रहण काल में पूजा-पाठ और धार्मिक कर्मकांड रोक दिए जाते हैं और इसे अशुभ माना जाता है। लोग इस दौरान भोजन नहीं करते और मंत्र-जप में लीन रहते हैं। लेकिन चूंकि यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा, इसलिए यहां धार्मिक दृष्टिकोण से कोई विशेष नियम लागू नहीं होंगे।

खगोल प्रेमियों के लिए मौका

हालांकि भारत में यह ग्रहण सीधे नहीं देखा जा सकेगा, लेकिन इंटरनेट और स्पेस एजेंसियों की लाइव स्ट्रीमिंग के ज़रिए इसे देखा जा सकता है। नासा और यूरोपियन स्पेस एजेंसी जैसे संगठन इस सूर्य ग्रहण का सीधा प्रसारण करेंगे। खगोल प्रेमियों के लिए यह मौका बेहद रोमांचक होगा कि वे लाइव टेलिस्कोपिक व्यू और वैज्ञानिक टिप्पणियों के साथ इस अद्भुत घटना का आनंद ले सकें।

आज की रात 11 बजे से साल का आख़िरी सूर्य ग्रहण शुरू होगा, लेकिन भारत में इसके धार्मिक नियम और सूतक काल लागू नहीं होंगे। फिर भी यह एक शानदार खगोलीय नज़ारा है, जिसे ऑनलाइन देखकर आप भी इस ब्रह्मांडीय रहस्य के साक्षी बन सकते हैं।

 

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments