[the_ad id="179"]
Home » International » इजरायल-अमेरिका और ईरान की जंग पर राहुल गांधी ने मोदी सरकार को चेताया, कहा — भारत की चुप्पी खतरनाक

इजरायल-अमेरिका और ईरान की जंग पर राहुल गांधी ने मोदी सरकार को चेताया, कहा — भारत की चुप्पी खतरनाक

एबीसी नेशनल न्यूज | नई दिल्ली | 6 मार्च 2026

पश्चिम एशिया में इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य टकराव को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने केंद्र की मोदी सरकार को कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि दुनिया एक गंभीर युद्ध की स्थिति की ओर बढ़ रही है, लेकिन भारत सरकार की ओर से अब तक कोई स्पष्ट और मजबूत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राहुल गांधी ने कहा कि इतनी बड़ी अंतरराष्ट्रीय जंग के बीच भारत की चुप्पी चिंताजनक है और इससे देश की विदेश नीति पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

राहुल गांधी ने कहा कि पश्चिम एशिया में जो हालात बन रहे हैं, वह केवल क्षेत्रीय संघर्ष नहीं रह गया है। उनका कहना है कि अगर यह युद्ध और बढ़ता है तो इसका असर पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था, व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति पर पड़ेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि भारत जैसे देश के लिए यह संकट बेहद गंभीर हो सकता है, क्योंकि भारत की ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा इसी क्षेत्र से पूरा होता है। ऐसे में सरकार को स्थिति की गंभीरता समझते हुए साफ और जिम्मेदार रुख अपनाना चाहिए।

कांग्रेस नेता ने कहा कि भारत की विदेश नीति हमेशा शांति, संतुलन और संवाद पर आधारित रही है। लेकिन मौजूदा हालात में केंद्र सरकार की रणनीति स्पष्ट दिखाई नहीं दे रही है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि जब पूरी दुनिया इस युद्ध को लेकर चिंतित है, तब भारत की ओर से मजबूत आवाज क्यों नहीं सुनाई दे रही। राहुल गांधी के मुताबिक भारत को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर शांति और बातचीत की पहल करनी चाहिए, क्योंकि युद्ध का रास्ता केवल विनाश और अस्थिरता लेकर आता है।

राहुल गांधी ने यह भी कहा कि अगर पश्चिम एशिया में संघर्ष और गहराता है तो तेल की कीमतों में भारी उछाल आ सकता है, जिसका सीधा असर भारत की अर्थव्यवस्था और आम लोगों की जेब पर पड़ेगा। उन्होंने सरकार को आगाह करते हुए कहा कि यह समय चुप रहने का नहीं बल्कि स्पष्ट और सक्रिय कूटनीतिक भूमिका निभाने का है।

राहुल गांधी के इस बयान के बाद राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है। विपक्ष सरकार से इस मुद्दे पर साफ नीति और स्पष्ट बयान की मांग कर रहा है, जबकि केंद्र सरकार की ओर से अब तक इस बयान पर कोई विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *