एबीसी नेशनल न्यूज | 14 जनवरी 2026
श्रीनगर | जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में नियंत्रण रेखा (LoC) पर एक बार फिर सीमा पार से संदिग्ध गतिविधि सामने आई है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, एलओसी के पास संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन उड़ते हुए देखे गए, जिसके बाद भारतीय सेना ने तुरंत सतर्कता दिखाते हुए फायरिंग की। सेना की इस कार्रवाई से यह साफ संदेश गया है कि सीमा की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। ड्रोन की मौजूदगी बेहद संदिग्ध थी और आशंका जताई जा रही है कि उनका इस्तेमाल जासूसी, निगरानी या किसी अन्य गलत मंशा के लिए किया जा सकता था। जैसे ही ड्रोन भारतीय क्षेत्र के करीब आए, वहां तैनात जवानों ने तय सुरक्षा मानकों के तहत तुरंत जवाबी कार्रवाई की। फायरिंग के बाद ड्रोन पीछे हट गए या निष्क्रिय हुए, इसकी पुष्टि के लिए इलाके में सघन तलाशी और तकनीकी जांच की जा रही है।
घटना के बाद राजौरी और आसपास के सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। सेना के साथ-साथ अन्य सुरक्षा बल भी इलाके में अतिरिक्त निगरानी कर रहे हैं। ड्रोन के जरिए सीमा पार से गतिविधियों की कोशिशें पहले भी सामने आती रही हैं, जिनका इस्तेमाल हथियारों, नशीले पदार्थों या निगरानी के लिए किया जाता रहा है। इसी कारण सेना हर ऐसी घटना को बेहद गंभीरता से ले रही है।
भारतीय सेना ने स्पष्ट किया है कि देश की सीमाएं पूरी तरह सुरक्षित हैं और नियंत्रण रेखा पर किसी भी संदिग्ध हरकत का तुरंत और सख्त जवाब दिया जाएगा। फिलहाल इस घटना में किसी तरह के जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में बताई जा रही है।
यह घटना एक बार फिर बताती है कि भारतीय सेना सीमा पर पूरी तरह चौकस है और देश की सुरक्षा को लेकर किसी भी खतरे को नाकाम करने के लिए हर वक्त तैयार है।




