बीजिंग 25 सितंबर 2025
ताइवान में भारी तबाही और जनहानि
सुपर टाइफून रगासा ने सबसे पहले ताइवान को अपनी चपेट में लिया, जहाँ तेज़ हवाओं और भीषण बारिश के चलते कम-से-कम 17 लोगों की मौत हो गई। ताइवान के हुआलियन काउंटी में बाढ़ और भूस्खलन ने कई गाँवों को तबाह कर दिया, पुल और सड़कें बह गईं और हजारों लोग फँस गए। कई परिवारों को अचानक घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। राहत एजेंसियों ने बताया कि कई लोग अब भी लापता हैं और खोजबीन जारी है।
चीन में लैंडफॉल और बड़े पैमाने पर तैयारी
ताइवान के बाद रगासा ने चीन के गुआंगडोंग प्रांत में दस्तक दी। तूफान ने सबसे पहले हाइलिंग आइलैंड (यांगजियांग) को प्रभावित किया, जहाँ समुद्र में उठी ऊँची लहरों और तूफानी हवाओं ने तटीय इलाकों को झकझोर दिया। चीन सरकार ने पहले ही चेतावनी जारी कर दी थी और लगभग 19 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया। स्कूलों और फैक्ट्रियों को बंद कर दिया गया, मछली पकड़ने वाली नौकाओं को किनारे रोक दिया गया और आपातकालीन सेवाओं को हाई अलर्ट पर रखा गया।
हॉन्ग कॉन्ग और दक्षिण चीन में असर
हॉन्ग कॉन्ग में भी तूफान का असर देखने को मिला। तेज़ हवाओं ने इमारतों को हिला दिया, कई पेड़ गिर गए और सड़कें जलमग्न हो गईं। एयरपोर्ट पर कई उड़ानों को रद्द करना पड़ा और मेट्रो सेवाएँ भी बाधित रहीं। दक्षिण चीन के कई हिस्सों में भीषण बारिश जारी है और आने वाले घंटों में और बाढ़ की आशंका जताई जा रही है। गुआंगडोंग में रेड स्टॉर्म सर्ज अलर्ट जारी किया गया है, क्योंकि समुद्र का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है।
अब भी खतरा बरकरार
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि रगासा अभी भी कमजोर नहीं पड़ा है और इसके कारण दक्षिण चीन के तटीय क्षेत्रों में भारी तबाही का खतरा बना हुआ है। अगले कुछ दिनों में यह तूफान गुआंगडोंग से होते हुए अंदरूनी इलाकों की ओर बढ़ सकता है और वहाँ भी बाढ़ व भूस्खलन का कारण बन सकता है। अंतरराष्ट्रीय एजेंसियाँ इसे इस साल के सबसे ताक़तवर तूफानों में से एक मान रही हैं, जिसने फिलीपींस, ताइवान, हॉन्ग कॉन्ग और अब चीन के बड़े हिस्सों में व्यापक तबाही फैला दी है।




