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ईरान जंग से दुनिया की अर्थव्यवस्था हिल गई—तुर्की राष्ट्रपति एर्दोगन ने तुरंत युद्ध रोकने की मांग उठाई

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अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 24 मार्च 2026

मध्य पूर्व में जारी ईरान युद्ध अब केवल सैन्य संघर्ष नहीं रहा, बल्कि इसका असर पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर साफ दिखने लगा है। तुर्की के राष्ट्रपति Recep Tayyip Erdogan ने इस हालात पर गंभीर चिंता जताते हुए साफ कहा है कि यह जंग “भारी आर्थिक तबाही” का कारण बन रही है और इसे तुरंत रोकना जरूरी है।

एर्दोगन ने चेतावनी दी कि अगर समय रहते इस संघर्ष को नहीं रोका गया, तो इसका असर सिर्फ क्षेत्र तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि वैश्विक स्तर पर आर्थिक संकट गहरा सकता है। उन्होंने साफ तौर पर युद्धविराम और बातचीत के जरिए समाधान निकालने की अपील की है।

दरअसल, मौजूदा हालात में तेल और गैस की सप्लाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है, जिससे पूरी दुनिया में कीमतें उछल रही हैं। कई देशों में ऊर्जा संकट, महंगाई और बाजारों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों ने भी चेतावनी दी है कि यह स्थिति 1970 के तेल संकट से भी ज्यादा गंभीर हो सकती है।

तुर्की खुद भी इस आर्थिक दबाव से अछूता नहीं है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, तेल की कीमतों में हर बढ़ोतरी तुर्की की अर्थव्यवस्था पर अरबों डॉलर का अतिरिक्त बोझ डाल रही है और पहले से ही ऊंची महंगाई को और बढ़ा रही है।

एर्दोगन लगातार इस बात पर जोर दे रहे हैं कि यह युद्ध पूरे क्षेत्र को “आग में झोंक” सकता है और अगर कूटनीति को मौका दिया जाए, तो हालात संभाले जा सकते हैं।

इस बीच, दुनिया भर के देश भी इस संघर्ष को रोकने के लिए अलग-अलग स्तर पर कोशिशें कर रहे हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर हमले और जवाबी हमले अभी भी जारी हैं।

साफ है कि यह जंग अब केवल सीमाओं तक सीमित नहीं रही—इसका असर हर आम आदमी की जेब तक पहुंच चुका है। ऐसे में तुर्की की यह अपील सिर्फ एक बयान नहीं, बल्कि एक बड़ी चेतावनी के तौर पर देखी जा रही है कि अगर अभी भी हालात नहीं संभले, तो आने वाले दिनों में वैश्विक आर्थिक संकट और गहरा सकता है।

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