अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | मस्कट/नई दिल्ली | 9 जून 2026
ओमान के दक्षिण-पूर्वी तट के पास एक बड़े समुद्री हादसे में 24 भारतीय नाविकों को सुरक्षित बचा लिया गया। ये सभी नाविक मारिवेक्स (Marivex) नामक तेल टैंकर पर सवार थे, जिस पर अमेरिकी मिसाइल हमले के बाद आग लग गई और जहाज के डूबने का खतरा पैदा हो गया।
जानकारी के अनुसार, जहाज पर मौजूद भारतीय नाविकों ने संकट संदेश भेजकर बताया कि अमेरिकी नौसेना के हमले में जहाज का इंजन रूम क्षतिग्रस्त हो गया है। नाविकों द्वारा भेजे गए ऑडियो संदेश में कहा गया कि मिसाइल हमले के कारण जहाज के निचले हिस्से में बड़ा छेद हो गया और जहाज में तेजी से पानी भरने लगा।
बाद में सभी 24 भारतीय नाविकों को सुरक्षित निकाल लिया गया। बताया जा रहा है कि उन्हें एक अन्य जहाज की मदद से बचाया गया और वे अगले दो दिनों में भारत पहुंच सकते हैं।
मारिवेक्स टैंकर पहले भी चर्चा में रहा है। अमेरिका ने दिसंबर 2025 में इस जहाज पर ईरान से जुड़े कारोबारी संबंधों के आरोप लगाते हुए प्रतिबंध लगाया था। रिपोर्टों के अनुसार यह टैंकर पहले ईरानी तेल को भारत सहित अन्य देशों तक पहुंचाने के लिए इस्तेमाल किया गया था।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) का दावा है कि यह जहाज ईरान पर लागू समुद्री नाकाबंदी का उल्लंघन कर रहा था और एक ईरानी बंदरगाह की ओर बढ़ रहा था। इसी कारण इसे निशाना बनाया गया। हालांकि इस कार्रवाई को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बहस शुरू हो गई है क्योंकि जहाज पर बड़ी संख्या में विदेशी नागरिक, जिनमें भारतीय नाविक भी शामिल थे, मौजूद थे।
घटना ऐसे समय हुई है जब पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। होर्मुज जलडमरूमध्य और आसपास के समुद्री क्षेत्रों में सैन्य गतिविधियां तेज हो गई हैं, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं।
भारत सरकार और भारतीय दूतावास स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। नाविकों के परिवारों को उनकी सुरक्षा की जानकारी दे दी गई है। बचाए गए नाविकों की स्वदेश वापसी की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
इस घटना ने एक बार फिर पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि क्षेत्र में सैन्य टकराव और बढ़ा तो इसका असर वैश्विक व्यापार, तेल आपूर्ति और हजारों समुद्री कर्मियों की सुरक्षा पर पड़ सकता है।




