पूर्णिया 6 नवंबर 2025
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण की वोटिंग के बीच पूर्णिया की रैली में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय नेतृत्व पर सीधे और कड़े आरोप लगाए। उनका कहना था कि केंद्र सरकार जनता की समस्याओं से ध्यान भटकाने और लोकतांत्रिक अधिकारों को कुचलने में लगी है। राहुल गांधी ने अपने हालिया प्रेस कॉन्फ्रेंस का ज़िक्र करते हुए कहा कि उन्होंने हरियाणा चुनाव में हुई “वोट चोरी” के ठोस सबूत देश के सामने रखे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि “नरेंद्र मोदी, अमित शाह और चुनाव आयोग मिलकर फर्जी वोटिंग के जरिए लोकतंत्र को तहस-नहस कर रहे हैं”, और अब यह खेल बिहार में भी दोहराया जा रहा है। राहुल ने चुनौती दी कि BJP और ECI उनके आरोपों का जवाब तक देने की स्थिति में नहीं हैं क्योंकि “सबूत इतने साफ़ हैं कि अब चुप्पी ही उनका बचाव बन गई है।”
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री के हालिया बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि मोदी ने बिहार के युवाओं को कहा कि “हमने सस्ता डेटा दिया ताकि युवा रील बनाकर पैसा कमा सकें।” इस पर राहुल का जवाब था — “रील 21वीं सदी का नशा है। इससे पैसा अडानी-अंबानी और जियो के पास जाता है, युवाओं के पास नहीं।” उन्होंने कहा कि पहले शराब और नशे से युवाओं को भटकाया जाता था, अब उन्हें डिजिटल प्लेटफॉर्म के व्यसनी बनाकर उनके करियर और भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। राहुल ने तीखे अंदाज़ में कहा — “फेसबुक और इंस्टाग्राम देखकर बिहार के युवाओं की जेब में क्या आया? कुछ नहीं।” उनकी मांग थी कि बिहार के युवक-युवतियों को वास्तविक रोज़गार चाहिए, न कि वर्चुअल तमाशा।
सभा के दौरान राहुल गांधी ने बिहार के मतदाताओं को आगाह करते हुए कहा कि प्रदेश में लाखों नाम मतदाता सूची से गायब किए गए हैं और इसका असर सीधे विपक्षी गठबंधन को नुकसान पहुंचाने पर दिखता है। उन्होंने दावा किया कि BJP “चुनाव चोरी” के हर हथकंडे का इस्तेमाल कर रही है — कहीं फर्जी वोट जोड़े जा रहे हैं तो कहीं महागठबंधन समर्थक मतदाताओं को सूची से गायब कर दिया गया है। राहुल ने यहां उपस्थित युवाओं को संबोधित करते हुए कहा — “Gen Z को संविधान की रक्षा करनी है। बूथ पर सतर्क रहना आपका कर्तव्य है क्योंकि यही लोकतंत्र की रक्षा है।”
हरियाणा का हवाला देते हुए राहुल ने कहा — “वहाँ चुनाव पूरी तरह चोरी किया गया।” उन्होंने आरोप दोहराए कि एक ही महिला की तस्वीर 200 बार वोटर लिस्ट में पाई गई; BJP नेता दूसरे राज्यों से जाकर फर्जी वोट डालते पकड़े गए; और तो और ब्राज़ील की एक महिला के नाम पर 22 वोट हरियाणा में दर्ज हुए। राहुल ने कहा कि यह कोई इत्तेफ़ाक नहीं बल्कि एक सेंट्रलाइज्ड पैटर्न है। उनका दावा था — “BJP ने हरियाणा, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ और लोकसभा चुनाव भी इसी तरीके से चोरी किए। अब ये बिहार पर नज़र गड़ाए बैठे हैं।”
राहुल ने अपने भाषण में एक स्थानीय उम्मीदवार मोहम्मद इरफ़ान आलम को संबोधित करते हुए कहा कि वे पोस्टमैन के बेटे हैं और विधायक बनने जा रहे हैं — इसलिए उन्हें जनता का हित सबसे पहले रखना होगा। यह बयान भी उनके भाषण में जनता से जुड़ाव और आम आदमी के संघर्ष को उजागर करने का प्रयास था।
रैली के अंत में राहुल गांधी का स्वर और अधिक उग्र हो गया। उन्होंने कहा कि बिहार के चुनाव को लोकतांत्रिक अधिकार और संविधान की रक्षा का युद्ध मानकर लड़ना होगा। “जो लोग वोट चोरी करते हैं — वे जनता का हक़, भविष्य और आवाज़ चुरा लेते हैं,” उन्होंने कहा। राहुल ने यह दावा किया कि बिहार की जनता जाग चुकी है और इस बार कोई भी साजिश सफल नहीं होने देगी।




