राष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली/अहमदाबाद | 18 मार्च 2026
गुजरात के अहमदाबाद और सूरत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों को लेकर एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है। कस्टम्स की जांच में पता चला है कि देश के कई राज्यों से जुड़े संगठित गिरोह इन एयरपोर्ट्स के जरिए सोना, नशीले पदार्थ और इलेक्ट्रॉनिक सामान की तस्करी कर रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, केरल, हरियाणा और पंजाब से जुड़े नेटवर्क सक्रिय रूप से इन एयरपोर्ट्स का इस्तेमाल कर रहे हैं। जांच एजेंसियों ने यात्रियों के ट्रैवल हिस्ट्री, पासपोर्ट डेटा, टिकट बुकिंग, क्रेडिट कार्ड और बैंक ट्रांजेक्शन की गहन पड़ताल के बाद यह पैटर्न सामने आने का दावा किया है।
कस्टम्स अधिकारियों के अनुसार, सिर्फ 2024-25 के दौरान गुजरात के एयरपोर्ट्स पर करीब 135 किलो सोना जब्त किया गया, जिसकी कीमत लगभग 70 करोड़ रुपये बताई जा रही है। अहमदाबाद एयरपोर्ट पर ही 2024 में 33 किलो नशीले पदार्थ पकड़े गए, जबकि 2025 में यह आंकड़ा तेजी से बढ़कर 110 किलो तक पहुंच गया। जनवरी 2026 के शुरुआती दिनों में ही 26 किलो जब्ती की कार्रवाई की जा चुकी है।
जांच में यह भी सामने आया है कि सोने की तस्करी के लिए कन्नूर (केरल) और भटकल (कर्नाटक) जैसे इलाकों से कनेक्शन सामने आए हैं, जबकि इलेक्ट्रॉनिक्स तस्करी में दिल्ली, मुंबई और पंजाब के नेटवर्क की भूमिका अधिक देखी गई है।
कस्टम्स अधिकारियों का कहना है कि पिछले दो-तीन वर्षों में तस्करी के मामलों में तेजी से इजाफा हुआ है, जो बेहद चिंताजनक है। इसी कारण अब निगरानी और सख्त कर दी गई है। एयरपोर्ट्स पर हाई-टेक स्कैनिंग सिस्टम, डॉग स्क्वॉड और अतिरिक्त स्टाफ की तैनाती की जा रही है।
हालांकि अधिकारियों ने यह भी आशंका जताई है कि सख्ती बढ़ने के बाद तस्कर अपने रास्ते बदल सकते हैं और दूसरे राज्यों के एयरपोर्ट्स का रुख कर सकते हैं। ऐसे में विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय बढ़ाने और सख्त कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर देश की सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। लगातार बढ़ती तस्करी की घटनाएं यह संकेत देती हैं कि संगठित गिरोह किस तरह सिस्टम की कमजोरियों का फायदा उठाकर बड़े पैमाने पर अवैध कारोबार को अंजाम दे रहे हैं।




