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एशियाई खेलों में भारत का पदक धमाका, ईशा सिंह का रजत; पिंकी बलहारा ने रचा इतिहास, क्रिकेट टीम सेमीफाइनल में

खेल/ राष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 28 सितंबर 2026

एशियाई खेलों में भारत का शानदार अभियान लगातार जारी है। 28 सितंबर को भारतीय खिलाड़ियों ने कई बड़ी उपलब्धियां अपने नाम कीं। निशानेबाजी में ईशा सिंह ने महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में रजत पदक जीतकर भारत की पदक तालिका में एक और इजाफा किया, जबकि कुराश में दिल्ली की पिंकी बलहारा ने कांस्य पदक जीतकर इतिहास रच दिया। पिंकी एशियाई खेलों में दो कुराश पदक जीतने वाली पहली भारतीय बन गईं। दूसरी ओर भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम बिना मैदान पर उतरे ही सेमीफाइनल में पहुंच गई। अफगानिस्तान के खिलाफ उसका क्वार्टर फाइनल मुकाबला खराब मौसम के कारण रद्द हो गया और बेहतर आईसीसी टी-20 रैंकिंग के आधार पर भारत को अंतिम चार में जगह मिल गई।

निशानेबाजी में ईशा सिंह ने बेहद रोमांचक मुकाबले में रजत पदक हासिल किया। 21 वर्षीय हैदराबाद की ईशा मौजूदा विश्व नंबर-1 हैं और स्वर्ण पदक के बेहद करीब पहुंची थीं। चीन की शियाओ जियारुइशुआन के खिलाफ स्वर्ण पदक के लिए शूट-ऑफ हुआ, जिसमें ईशा केवल एक निशाने से पीछे रह गईं। मुकाबले के अंतिम दौर में उन्हें लगातार पांच शूट-ऑफ से गुजरना पड़ा। उन्होंने शुरुआती शूट-ऑफ में शानदार प्रदर्शन करते हुए पदक पक्का किया और फिर स्वर्ण के लिए दो और शूट-ऑफ का सामना किया। आखिरकार उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। यह एशियाई खेलों में भारतीय निशानेबाजी के लिए एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि रही।

कुराश में पिंकी बलहारा ने भारत के लिए ऐतिहासिक कांस्य पदक जीता। महिलाओं के 78 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में उन्हें दक्षिण कोरिया की सुमिन मो से 0-5 से हार मिली। मुकाबले के दौरान पिंकी को डाक्की यानी दंड मिला, जबकि उनकी प्रतिद्वंद्वी ने योनबोश अंक हासिल किया। सेमीफाइनल में हार के बावजूद पिंकी का कांस्य पदक तय था। इससे पहले क्वार्टर फाइनल में उन्होंने दक्षिण कोरिया की लिम गारम को 3-0 से हराकर अंतिम चार में जगह बनाई थी। यह एशियाई खेलों में पिंकी का दूसरा कुराश पदक है। उन्होंने 2018 जकार्ता एशियाई खेलों में महिलाओं के 52 किलोग्राम वर्ग में रजत पदक जीता था। इस तरह वह एशियाई खेलों में दो कुराश पदक जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गईं।

मुक्केबाजी में ओलंपिक कांस्य पदक विजेता लवलीना बोरगोहेन ने भी भारत की पदक उम्मीदों को मजबूत किया। महिलाओं के 75 किलोग्राम वर्ग में लवलीना ने दक्षिण कोरिया की सियोंग सुयोन को 5-0 से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया और कम से कम कांस्य पदक पक्का कर लिया। एशियाई खेलों में यह उनका लगातार दूसरा पदक होगा। पिछले संस्करण में उन्होंने रजत पदक जीता था। उनके साथ परवीन हुड्डा, अंकुश पंघाल और नरेंद्र बरवाल ने भी अपने-अपने वर्गों में सेमीफाइनल में जगह बनाकर भारत की पदक उम्मीदें बढ़ा दी हैं।

क्रिकेट में भारतीय पुरुष टीम का सेमीफाइनल का रास्ता कुछ अलग अंदाज में खुला। भारत और अफगानिस्तान के बीच क्वार्टर फाइनल मुकाबला खराब मौसम के कारण रद्द हो गया। मैच नहीं होने के बाद आईसीसी टी-20 रैंकिंग के आधार पर भारत को सेमीफाइनल में जगह मिली। भारत रैंकिंग में नंबर-1 और अफगानिस्तान नंबर-10 पर है। अब भारत का सामना नेपाल और श्रीलंका के बीच होने वाले क्वार्टर फाइनल के विजेता से होगा। अगर वह मुकाबला भी बारिश के कारण रद्द होता है, तो बेहतर रैंकिंग के आधार पर श्रीलंका भारत के खिलाफ सेमीफाइनल खेलेगा। भारत एशियाई खेलों का मौजूदा चैंपियन है और अब उसकी नजर लगातार दूसरी बार स्वर्ण पदक पर होगी।

वॉलीबॉल में भी भारतीय पुरुष टीम ने लगातार दूसरी जीत दर्ज की। भारत ने हांगकांग को 3-0 से हराया। भारतीय टीम ने तीनों सेट 25-22, 25-19 और 25-21 से अपने नाम किए। मुकाबले में हांगकांग ने कई मौकों पर भारत को कड़ी चुनौती दी, लेकिन निर्णायक क्षणों में भारतीय खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। इससे पहले भारत ने वियतनाम को भी 3-0 से हराया था। अब भारतीय टीम का अगला मुकाबला 29 सितंबर को कतर से होगा।

टेनिस में भारत की महिला युगल जोड़ी अंकिता रैना और रुतुजा भोसले को पहले दौर में हार का सामना करना पड़ा। भारतीय जोड़ी को कजाखस्तान की यूलिया पुतिन्त्सेवा और अन्ना डानिलिना ने 7-5, 3-6, 5-10 से हराया। मुकाबला निर्णायक टाई-ब्रेक तक गया, लेकिन भारतीय जोड़ी जीत हासिल नहीं कर सकी। पुरुष एकल में सुमित नागल और दक्षिण कोरिया के होंग सेओंगचान के बीच मुकाबला बारिश के कारण रोक दिया गया। खेल रुकने के समय नागल पहले सेट में 3-2 से आगे थे और मुकाबला 29 सितंबर को आगे खेला जाएगा।

एशियाई खेलों के आठवें दिन के अंत तक भारत के खाते में 37 पदक थे, जिनमें 4 स्वर्ण, 16 रजत और 17 कांस्य शामिल थे। नौवें दिन ईशा सिंह का रजत और पिंकी बलहारा का कांस्य जुड़ा, जबकि लवलीना बोरगोहेन ने कम से कम कांस्य पदक पक्का कर लिया। पुरुष क्रिकेट टीम भी सेमीफाइनल में पहुंच चुकी है। निशानेबाजी में ईशा का रजत, कुराश में पिंकी का ऐतिहासिक कांस्य, मुक्केबाजी में लवलीना का सेमीफाइनल और क्रिकेट में भारत की अंतिम चार में जगह—एशियाई खेलों का नौवां दिन भारत के लिए कई बड़ी उपलब्धियां लेकर आया। अब नजर स्वर्ण पदकों पर है, क्योंकि प्रतियोगिता आगे बढ़ने के साथ भारत की पदक उम्मीदें भी लगातार मजबूत हो रही हैं।

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