अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | बीजिंग | 25 मई 2026
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ रविवार को आधिकारिक दौरे पर चीन की राजधानी बीजिंग पहुंच गए। उनका यह दौरा 26 मई तक चलेगा और इसे दक्षिण एशिया की बदलती भू-राजनीति के बीच बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ऐसे समय में जब वैश्विक स्तर पर अमेरिका-चीन प्रतिस्पर्धा तेज हो रही है, पाकिस्तान और चीन की बढ़ती नजदीकियों पर पूरी दुनिया की नजर टिकी हुई है।
सूत्रों के मुताबिक, इस दौरे में चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (CPEC), रक्षा सहयोग, ऊर्जा परियोजनाएं, व्यापार और क्षेत्रीय सुरक्षा जैसे मुद्दों पर व्यापक चर्चा होने की संभावना है। माना जा रहा है कि पाकिस्तान अपनी आर्थिक चुनौतियों से उबरने के लिए चीन से नए निवेश और वित्तीय सहयोग की उम्मीद कर रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह दौरा सिर्फ द्विपक्षीय संबंधों तक सीमित नहीं है, बल्कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र की शक्ति राजनीति से भी जुड़ा हुआ है। चीन लगातार पाकिस्तान को अपना रणनीतिक साझेदार बताता रहा है, जबकि भारत और पश्चिमी देशों की नजर इस साझेदारी के सामरिक प्रभावों पर बनी हुई है।
शहबाज़ शरीफ का यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब चीन अपने अंतरिक्ष कार्यक्रम, वैश्विक व्यापार और एशिया में रणनीतिक प्रभाव को तेजी से बढ़ा रहा है। वहीं पाकिस्तान आर्थिक संकट, राजनीतिक अस्थिरता और सुरक्षा चुनौतियों से जूझ रहा है। ऐसे में बीजिंग से मिलने वाला समर्थन इस्लामाबाद के लिए बेहद अहम माना जा रहा है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस यात्रा के बाद चीन-पाकिस्तान संबंध और मजबूत हो सकते हैं, खासकर रक्षा, इंफ्रास्ट्रक्चर और क्षेत्रीय कूटनीति के मोर्चे पर। वहीं भारत के लिए भी यह दौरा रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि दक्षिण एशिया में चीन की सक्रियता लगातार बढ़ती दिखाई दे रही है।




