अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | अबू धाबी/तेल अवीव | 5 मई 2026
मध्य पूर्व में तनाव खतरनाक स्तर पर पहुंचता दिख रहा है, जहां Iran ने संयुक्त अरब अमीरात और ओमान पर मिसाइल और ड्रोन हमले कर क्षेत्रीय हालात को और भड़का दिया है। इन हमलों के बाद खाड़ी क्षेत्र में अस्थिरता बढ़ गई है और सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। इस घटनाक्रम ने Israel को लेकर भी नई आशंकाएं पैदा कर दी हैं, क्योंकि विश्लेषकों के अनुसार ईरान की रणनीति अब व्यापक सैन्य टकराव की दिशा में बढ़ती नजर आ रही है।इन हमलों का समय बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि इससे ठीक पहले अमेरिका ने Strait of Hormuz को खोलने के लिए बड़ा सैन्य अभियान शुरू किया है। Donald Trump द्वारा घोषित इस अभियान के तहत अमेरिकी नौसेना के विध्वंसक जहाज फारस की खाड़ी में सक्रिय हो चुके हैं। अमेरिकी सैन्य तैयारियों के बीच ईरान की यह कार्रवाई सीधे तौर पर शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखी जा रही है, जिसने हालात को और विस्फोटक बना दिया है।
ईरान की रणनीति में खाड़ी देशों को निशाना बनाना एक बड़ा संकेत माना जा रहा है। संयुक्त अरब अमीरात को क्षेत्र में ईरान विरोधी रुख का प्रमुख केंद्र माना जाता है और वहां के तेल ठिकाने तथा बंदरगाह रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण हैं। इसी वजह से ईरान ने पहले चरण में इन ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और व्यापार पर भी असर पड़ सकता है।
अमेरिका और इजरायल ने खाड़ी क्षेत्र में रक्षा तैयारियों को और मजबूत कर दिया है। यूएई में इजरायल की एडवांस मिसाइल डिफेंस प्रणाली की तैनाती पहले ही की जा चुकी है, लेकिन हालिया हमलों ने यह साफ कर दिया है कि क्षेत्र में खतरा अभी टला नहीं है। घटनाक्रम तेजी से बदल रहे हैं और मिडिल ईस्ट एक बार फिर बड़े सैन्य टकराव के मुहाने पर खड़ा दिखाई दे रहा है।



