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ईरान ने होर्मुज दोबारा बंद किया, लेबनान पर हमलों के बाद तनाव—ट्रंप बोले, सीजफायर में हिजबुल्लाह शामिल नहीं

अंतरराष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 9 अप्रैल 2026

पश्चिम एशिया में हालात तेजी से बिगड़ते नजर आ रहे हैं, जहां ईरान ने एक बड़ा कदम उठाते हुए होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से बंद करने का फैसला किया है। यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है जब लेबनान पर इजरायल के हमलों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 254 तक पहुंचने की खबर सामने आई है। इस फैसले ने पूरे क्षेत्र में तनाव को और बढ़ा दिया है, क्योंकि होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे अहम तेल आपूर्ति मार्गों में से एक माना जाता है।

सूत्रों के अनुसार, ईरान ने यह कदम क्षेत्रीय हालात और सुरक्षा चिंताओं को देखते हुए उठाया है। होर्मुज जलडमरूमध्य से दुनिया के बड़े हिस्से में तेल की आपूर्ति होती है और इसके बंद होने से वैश्विक ऊर्जा बाजार पर सीधा असर पड़ सकता है। कई देशों ने इस फैसले पर चिंता जताई है और इसे अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए गंभीर खतरा बताया है। तेल की कीमतों में उछाल की आशंका भी जताई जा रही है, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था पर दबाव बढ़ सकता है।

इस बीच, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सीजफायर को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि हाल ही में घोषित संघर्षविराम में हिजबुल्लाह शामिल नहीं है, जिससे स्थिति और जटिल बनी हुई है। ट्रंप के इस बयान के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि क्षेत्र में शांति की संभावनाएं अभी भी कमजोर हैं और किसी भी समय हालात फिर से बिगड़ सकते हैं।

लेबनान में जारी हमलों के बाद मानवीय संकट गहराता जा रहा है। अस्पतालों में घायलों की संख्या लगातार बढ़ रही है और राहत कार्यों में जुटी एजेंसियां भारी दबाव में हैं। कई इलाकों में बुनियादी सुविधाएं प्रभावित हुई हैं और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम जारी है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने इस पूरे घटनाक्रम पर गहरी चिंता जताई है और सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की है। अगर होर्मुज जलडमरूमध्य लंबे समय तक बंद रहता है, तो इसका असर केवल क्षेत्रीय ही नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर देखने को मिलेगा। ऊर्जा संकट, व्यापार में बाधा और राजनीतिक अस्थिरता जैसे हालात पैदा हो सकते हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में यह देखना बेहद अहम होगा कि क्या कूटनीतिक प्रयास इस संकट को नियंत्रित कर पाते हैं या स्थिति और अधिक गंभीर रूप लेती है।

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