राष्ट्रीय / राजनीति | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 6 अप्रैल 2026
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री Pema Khandu के परिवार से जुड़े ठेकों के मामले में सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश के बाद देश की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। शीर्ष अदालत ने CBI को मुख्यमंत्री के परिजनों को दिए गए सरकारी ठेकों की प्रारंभिक जांच शुरू करने का निर्देश दिया है।
इस फैसले के तुरंत बाद कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर जोरदार हमला बोला। पार्टी के वरिष्ठ नेता और संचार प्रभारी Jairam Ramesh ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए लिखा, “‘ना खाऊंगा, ना खाने दूंगा’ एक पूरा छलावा (complete hoax) साबित हो चुका है — जो अब खुल रहा है।”
Jairam Ramesh ने आगे कहा कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा CBI जांच के निर्देश इस बात का संकेत हैं कि मामला गंभीर है और यह सिर्फ शुरुआत है। उन्होंने इशारों-इशारों में दावा किया कि कई अन्य भाजपा शासित राज्यों में भी ऐसे मामले सामने आ सकते हैं।
कांग्रेस का कहना है कि अगर केंद्र सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी कथित “जीरो टॉलरेंस” नीति पर वास्तव में अमल कर रही होती, तो इस तरह के मामलों में पहले ही सख्त कार्रवाई देखने को मिलती। पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार ने भ्रष्टाचार विरोधी अभियान को केवल एक राजनीतिक नारे तक सीमित कर दिया है।
विपक्ष का यह भी आरोप है कि केंद्रीय जांच एजेंसियों का इस्तेमाल चयनात्मक तरीके से किया जाता है—जहां विपक्षी नेताओं के खिलाफ तेजी दिखती है, वहीं सत्ता से जुड़े मामलों में धीमापन नजर आता है।
हालांकि, भाजपा ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि कांग्रेस इस मुद्दे को अनावश्यक रूप से राजनीतिक रंग दे रही है। पार्टी का दावा है कि कानून अपना काम कर रहा है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट के इस आदेश ने एक बार फिर सत्ता और विपक्ष के बीच टकराव को तेज कर दिया है। अरुणाचल का यह मामला अब केवल कानूनी नहीं, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति का बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है।
स्पष्ट है कि Jairam Ramesh के इस तीखे तंज के बाद आने वाले दिनों में यह विवाद और गहराएगा, और आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति नई ऊंचाई पर पहुंच सकती है।




