पटना 23 अक्टूबर 2025
महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता तेजस्वी यादव ने आज संवाददाताओं के सामने अपनी उम्मीदवारी पर जताए गए विश्वास के लिए आभार व्यक्त किया और दृढ़ता से यह संकल्प दोहराया कि महागठबंधन बिहार से इस “डबल इंजन वाली भ्रष्टाचारी सरकार” को उखाड़ फेंकेगा। अपने वक्तव्य में तेजस्वी ने सबसे पहले NDA के भीतर चल रहे नेतृत्व विवाद पर प्रहार किया और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ हो रहे कथित अन्याय पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि भाजपा अब नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री नहीं बनाएगी, क्योंकि अमित शाह ने खुद स्पष्ट किया है कि मुख्यमंत्री का निर्धारण विधायक दल की संख्या के आधार पर होगा। तेजस्वी ने कहा कि पिछले 20 सालों से NDA की सत्ता में रहने के बावजूद बिहार आज भी बेरोजगारी, गरीबी और पलायन की मार झेल रहा है।
उन्होंने राज्य की दुर्दशा को गिनाते हुए कहा — “यहां महंगाई चरम पर है, उद्योगों का अभाव है, पढ़ाई-दवाई और कमाई की व्यवस्था ठप है, सिंचाई व्यवस्था नाकाम है, कोई आईटी हब नहीं है और प्रति व्यक्ति आय पूरे देश में सबसे कम है।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि “बिहार में अपराध और भ्रष्टाचार अपने चरम पर हैं, सार्वजनिक स्थानों पर गोलीबारी आम हो चुकी है।” तेजस्वी ने जनता से आह्वान किया कि वे महागठबंधन को समर्थन दें और बिहार को वास्तविक विकास की राह पर आगे बढ़ाएं — “यह लड़ाई बिहार के भविष्य की है, कुर्सी की नहीं,” उन्होंने कहा।
महागठबंधन के उपमुख्यमंत्री पद के संभावित उम्मीदवार और विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के संस्थापक मुकेश सहनी (Son of Mallah) ने भी तेजस्वी यादव के सुर में सुर मिलाते हुए भाजपा पर सीधा हमला बोला। उन्होंने भावनात्मक शब्दों में कहा कि “जबसे भाजपा ने हमारी पार्टी तोड़ी, विधायकों को खरीदा और हमारे साथ धोखा किया, तभी से मैंने मां गंगा का जल लेकर संकल्प लिया था कि भाजपा को तोड़े बिना चैन नहीं लूंगा।”
सहनी ने महागठबंधन के प्रति अपनी निष्ठा स्पष्ट करते हुए कहा कि “VIP मजबूती से महागठबंधन के साथ मिलकर चुनाव लड़ेगी, बिहार में सरकार बनाएगी और BJP को यहाँ से भगाएगी।” दोनों नेताओं के बयानों ने महागठबंधन के भीतर की एकता और साझा लक्ष्य को मजबूती से रेखांकित किया — भ्रष्टाचार के खिलाफ निर्णायक जंग और बिहार को विकास के पथ पर ले जाने का वादा। तेजस्वी और सहनी की यह संयुक्त अपील न केवल विपक्षी एकता का संकेत देती है, बल्कि जनता के बीच एक नए राजनीतिक विकल्प की उम्मीद भी जगाती है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि तेजस्वी-सहनी नेतृत्व की यह जोड़ी, बिहार की राजनीति में “डबल इंजन” के खिलाफ “डबल एक्शन” का नया अध्याय लिख पाती है या नहीं।
बिहार की सियासत में आज महागठबंधन ने नया नारा और नई ऊर्जा भर दी — “डबल इंजन नहीं, अब डबल एक्शन से चलेगा बिहार।” मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव के संकल्प और उपमुख्यमंत्री पद के संभावित दावेदार मुकेश सहनी की हुंकार ने साफ कर दिया है कि यह चुनाव सिर्फ सत्ता परिवर्तन का नहीं, बल्कि विचार परिवर्तन का युद्ध है।
तेजस्वी ने NDA पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बीस साल की सत्ता ने बिहार को बेरोजगारी, पलायन और महंगाई दी है, जबकि अब महागठबंधन विकास, समानता और न्याय का मॉडल लेकर मैदान में उतरा है। वहीं सहनी ने भाजपा पर धोखा देने और दलित-पिछड़ों के साथ अन्याय करने का आरोप लगाते हुए कहा कि इस बार मां गंगा का जल लेकर उन्होंने प्रण किया है — “बिहार में अब अन्याय नहीं, परिवर्तन की लहर चलेगी।” दोनों नेताओं के तेवरों ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि महागठबंधन अब चुनौती नहीं, विकल्प बनकर उभर रहा है।




