समी अहमद | 25 जनवरी 2026
पटना। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में एक अहम संगठनात्मक बदलाव हुआ है। पार्टी ने तेजस्वी यादव को नया राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है। इस फैसले के बाद RJD में उनकी भूमिका और मजबूत हो गई है। राजनीतिक गलियारों में इसे लालू प्रसाद यादव की विरासत को आगे बढ़ाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। पार्टी नेतृत्व का कहना है कि यह फैसला संगठन को नई ऊर्जा देने और आने वाले चुनावों की तैयारियों को मजबूती देने के लिए लिया गया है। तेजस्वी यादव पहले ही बिहार में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी निभा रहे हैं और राज्य की राजनीति में उनकी एक अलग पहचान बन चुकी है। अब राष्ट्रीय स्तर पर उन्हें बड़ी जिम्मेदारी सौंपे जाने से साफ है कि RJD भविष्य की राजनीति में तेजस्वी को आगे रखकर चलना चाहती है।
तेजस्वी यादव की नियुक्ति की खबर सामने आते ही पार्टी कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर दौड़ गई। पटना समेत कई जिलों में समर्थकों ने मिठाइयां बांटी और एक-दूसरे को बधाइयां दीं। पार्टी दफ्तरों में भी जश्न का माहौल देखने को मिला। कई नेताओं ने कहा कि तेजस्वी युवाओं के बीच काफी लोकप्रिय हैं और उनकी अगुवाई में पार्टी को नई दिशा मिलेगी।
इस मौके पर तेजस्वी यादव ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताया। उन्होंने कहा कि जो जिम्मेदारी उन्हें सौंपी गई है, उसे वे पूरी ईमानदारी और मेहनत से निभाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि RJD हमेशा सामाजिक न्याय, गरीबों, किसानों और युवाओं की आवाज बनकर संघर्ष करती रही है और वे इस परंपरा को आगे बढ़ाएंगे। तेजस्वी ने भरोसा दिलाया कि पार्टी को जमीनी स्तर पर और मजबूत करने के लिए वे कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर काम करेंगे।
पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने भी इस फैसले का स्वागत किया है। उनका कहना है कि तेजस्वी यादव में नेतृत्व की पूरी क्षमता है और वे बदलते समय के साथ पार्टी को आगे ले जाने में अहम भूमिका निभाएंगे। कई नेताओं ने यह भी कहा कि तेजस्वी में लालू प्रसाद यादव की राजनीतिक विरासत साफ झलकती है, लेकिन इसके साथ ही उन्होंने अपनी अलग पहचान भी बना ली है।
राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, तेजस्वी यादव को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने का मतलब यह है कि RJD अब सिर्फ बिहार तक सीमित नहीं रहना चाहती। पार्टी दूसरे राज्यों में भी अपना दायरा बढ़ाने की तैयारी में है। माना जा रहा है कि आने वाले लोकसभा और विधानसभा चुनावों को देखते हुए संगठन को नई धार देने की कोशिश की जा रही है।
तेजस्वी यादव की यह नियुक्ति RJD के लिए एक अहम मोड़ मानी जा रही है। इससे साफ संकेत मिलता है कि पार्टी भविष्य की राजनीति में युवा नेतृत्व पर भरोसा जता रही है। अब देखने वाली बात यह होगी कि तेजस्वी इस नई जिम्मेदारी को कैसे निभाते हैं और पार्टी को किस दिशा में लेकर जाते हैं।




