एबीसी नेशनल न्यूज | लखनऊ/नई दिल्ली/श्रीनगर | 1 मार्च 2026
ईरान के सर्वोच्च नेता Ayatollah Ali Khamenei की मौत की खबर का असर भारत के कई हिस्सों में दिखाई दे रहा है। विशेष रूप से शिया मुस्लिम बहुल इलाकों में भावनात्मक प्रतिक्रिया और विरोध प्रदर्शन देखने को मिले। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और जम्मू-कश्मीर के कई क्षेत्रों में लोगों ने जुलूस निकाले, मातम सभाएं आयोजित कीं और अमेरिका-इजरायल के खिलाफ नारेबाजी की।
लखनऊ: सबसे बड़ा जमावड़ा
लखनऊ, जिसे ऐतिहासिक रूप से भारत में शिया संस्कृति का प्रमुख केंद्र माना जाता है, वहां बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हुए। बड़े इमामबाड़े और पुराने शहर के इलाकों में हजारों लोग सड़कों पर उतरे। प्रदर्शनकारियों ने काले झंडे लहराए, खामेनेई के पोस्टर लगाए और मातमी जुलूस निकाले। कई संगठनों ने तीन दिनों के शोक कार्यक्रम की घोषणा की। हालांकि प्रदर्शन भावनात्मक रहे, लेकिन पुलिस की मौजूदगी के कारण स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है और ड्रोन व सीसीटीवी के जरिए निगरानी बढ़ाई गई है।
दिल्ली: एहतियात और निगरानी
दिल्ली के जामिया नगर, सीलमपुर और कुछ अन्य इलाकों में छोटे समूहों ने विरोध प्रदर्शन किए। पुलिस ने पहले से ही धारा 144 लागू रखी थी और अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की हिंसा या उकसावे वाली गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हो रहे वीडियो और संदेशों की निगरानी की जा रही है ताकि अफवाहों को रोका जा सके।
जम्मू-कश्मीर: रैलियां और शांति की अपील
श्रीनगर के लाल चौक और कुछ अन्य इलाकों में सैकड़ों लोगों ने रैली निकाली। प्रदर्शनकारियों ने नारों के जरिए अपना विरोध जताया और शोक सभाएं आयोजित कीं। बारामूला और बडगाम जैसे क्षेत्रों से भी छोटे स्तर पर प्रदर्शन की खबरें आईं। स्थानीय प्रशासन ने अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए हैं और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। अब तक किसी बड़े टकराव या हिंसक घटना की पुष्टि नहीं हुई है।
अन्य शहरों में भी असर
हैदराबाद, पटना, भोपाल और बेंगलुरु के कुछ हिस्सों में भी सीमित स्तर पर मातम और विरोध कार्यक्रम आयोजित किए गए। हालांकि ये प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे और स्थानीय प्रशासन की निगरानी में संपन्न हुए।
सरकार और प्रशासन का रुख
विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा है कि भारत स्थिति पर करीबी नजर रखे हुए है और सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील करता है। सरकार ने स्पष्ट किया कि अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का असर देश की कानून-व्यवस्था पर नहीं पड़ना चाहिए। सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए तैयारी की गई है। देश के सभी प्रमुख शहरों में स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन प्रशासन लगातार निगरानी बनाए हुए है। नागरिकों से शांति और संयम बनाए रखने की अपील की जा रही है।




