बिज़नेस | ABC NATIONAL NEWS | नई दिल्ली | 20 मार्च 2026
ऑनलाइन फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म Zomato से खाना मंगाना अब पहले के मुकाबले महंगा हो गया है। कंपनी ने अपनी प्लेटफॉर्म फीस में बढ़ोतरी कर दी है, जिससे हर ऑर्डर पर ग्राहकों की जेब पर अतिरिक्त भार पड़ेगा। यह बदलाव ऐसे समय में आया है जब पहले से ही डिलीवरी चार्ज, रेस्टोरेंट के बढ़े दाम और टैक्स मिलाकर ग्राहकों को अधिक भुगतान करना पड़ रहा है।
Zomato ने प्रति ऑर्डर लगने वाली प्लेटफॉर्म फीस को बढ़ाकर करीब ₹5 से ₹6 कर दिया है। हालांकि यह रकम देखने में छोटी लगती है, लेकिन बार-बार ऑर्डर करने वाले ग्राहकों के लिए यह खर्च महीने के अंत में एक बड़ा अंतर पैदा कर सकता है। पहले जहां यह फीस ₹3-₹4 के आसपास थी, अब इसमें बढ़ोतरी से कुल बिल और ज्यादा हो गया है।
फूड डिलीवरी सेक्टर में बढ़ती लागत, लॉजिस्टिक्स खर्च और मुनाफा बढ़ाने की कोशिशों को इस फैसले की बड़ी वजह माना जा रहा है। पिछले कुछ समय से कंपनियां अपने रेवेन्यू मॉडल को मजबूत करने के लिए अलग-अलग तरह के चार्ज जोड़ रही हैं। ऐसे में प्लेटफॉर्म फीस बढ़ाना भी उसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
दिलचस्प बात यह है कि ग्राहकों को अब एक ऑर्डर पर कई तरह के चार्ज देने पड़ते हैं—जिसमें डिलीवरी फीस, पैकेजिंग चार्ज, जीएसटी और अब बढ़ी हुई प्लेटफॉर्म फीस शामिल है। इससे सस्ता दिखने वाला खाना भी आखिर में महंगा पड़ने लगता है।
अगर इसी तरह फीस बढ़ती रही, तो ग्राहक धीरे-धीरे बाहर से खाना मंगाने की बजाय घर पर खाना बनाना या सीधे रेस्टोरेंट जाकर खाना पसंद कर सकते हैं। इससे फूड डिलीवरी कंपनियों के लिए आगे चुनौती भी खड़ी हो सकती है। ग्राहकों के पास विकल्प जरूर हैं, लेकिन बढ़ती कीमतों के बीच ऑनलाइन खाना मंगाना अब पहले जितना सस्ता और सुविधाजनक नहीं रह गया है।




