एबीसी नेशनल न्यूज | मॉस्को/वॉशिंगटन | 4 मार्च 2026
रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने कहा है कि मॉस्को को अब तक ऐसा कोई सबूत नहीं मिला है जिससे यह साबित हो सके कि ईरान परमाणु हथियार विकसित कर रहा था। लावरोव ने यह बात ब्रुनेई के विदेश मंत्री से बातचीत के दौरान कही। उन्होंने साफ शब्दों में कहा, “हम अभी भी ऐसा कोई प्रमाण नहीं देख रहे हैं कि ईरान परमाणु हथियार बना रहा था, जबकि यही युद्ध का मुख्य, अगर एकमात्र नहीं तो, प्रमुख कारण बताया जा रहा है।”
रूस का यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और इज़राइल ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई जारी रखे हुए हैं। अमेरिकी प्रशासन का कहना है कि ईरान के परमाणु और बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम क्षेत्र और वैश्विक सुरक्षा के लिए खतरा हैं। वहीं रूस का कहना है कि अब तक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऐसा कोई ठोस प्रमाण सार्वजनिक नहीं हुआ है जो युद्ध की आवश्यकता को साबित करे।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में अपने विस्तृत सार्वजनिक बयान में कहा कि उन्होंने ईरान के खिलाफ हमला इसलिए आदेशित किया ताकि तेहरान के परमाणु और मिसाइल कार्यक्रमों को रोका जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका अपने सहयोगियों की सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए आवश्यक कदम उठाता रहेगा।
विश्लेषकों का मानना है कि रूस का यह रुख अंतरराष्ट्रीय मंच पर बहस को और तेज कर सकता है। एक तरफ अमेरिका और उसके सहयोगी ईरान की क्षमताओं को खतरा बता रहे हैं, तो दूसरी तरफ रूस और कुछ अन्य देश सबूतों की कमी की बात कर रहे हैं। इस बयानबाज़ी के बीच मध्य पूर्व की स्थिति लगातार तनावपूर्ण बनी हुई है और कूटनीतिक प्रयासों पर भी असर पड़ रहा है।
फिलहाल अंतरराष्ट्रीय समुदाय की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या इस मुद्दे पर कोई संयुक्त जांच या नई रिपोर्ट सामने आती है, या फिर सैन्य और राजनीतिक टकराव और बढ़ता है।




