एबीसी नेशनल न्यूज | नई दिल्ली | 11 फरवरी 2026
केंद्रीय मंत्री Hardeep Singh Puri ने आज सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया कि उनकी मुलाकात अमेरिकी वित्तीय कारोबारी और दोषी यौन अपराधी Jeffrey Epstein से तीन या अधिकतम चार बार हुई थी। यह स्वीकारोक्ति उन्होंने संसद में नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में दी। पुरी ने स्पष्ट कहा कि ये मुलाकातें पूरी तरह पेशेवर थीं और उनका एपस्टीन के आपराधिक मामलों या किसी अवैध गतिविधि से कोई संबंध नहीं था।
पुरी ने बताया कि ये मुलाकातें उस समय की हैं जब वे न्यूयॉर्क स्थित International Peace Institute (आईपीआई) से जुड़े थे और इंडिपेंडेंट कमीशन ऑन मल्टीलेटरलिज्म (ICM) में महासचिव की जिम्मेदारी निभा रहे थे। उनके अनुसार, “मेरे वरिष्ठ टेर्जे रोड-लार्सन एपस्टीन को जानते थे और मैं उनसे कुछ ही मौकों पर, सटीक रूप से कहूं तो तीन या अधिकतम चार बार, एक प्रतिनिधिमंडल के हिस्से के रूप में मिला। हमारी बातचीत का उनके अपराधों से कोई लेना-देना नहीं था।” उन्होंने कहा कि ये बैठकें संयुक्त राष्ट्र से जुड़े बहुपक्षीय मुद्दों पर चर्चा के संदर्भ में आयोजित कार्यक्रमों का हिस्सा थीं।
केंद्रीय मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि 2009 से 2017 के बीच हुई इन मुलाकातों का रिकॉर्ड पेशेवर गतिविधियों से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि उनके और एपस्टीन के बीच केवल एक ईमेल का आदान-प्रदान हुआ था। पुरी ने दोहराया कि किसी भी आधिकारिक दस्तावेज में उनके खिलाफ कोई आपराधिक आरोप या संलिप्तता दर्ज नहीं है और उनके नाम का उल्लेख केवल बैठक या ईमेल रिकॉर्ड के संदर्भ में सामने आया है।
यह मुद्दा उस समय गरमाया जब हाल ही में सार्वजनिक डोमेन में आई फाइलों और ईमेल्स में कई अंतरराष्ट्रीय हस्तियों के नाम सामने आए। विपक्ष ने संसद में इस विषय को उठाते हुए सरकार से स्पष्टीकरण मांगा। राहुल गांधी ने इस संदर्भ में सवाल उठाए, जिसके जवाब में पुरी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी स्थिति स्पष्ट की।
राजनीतिक हलकों में इस बयान के बाद भी बहस जारी है। विपक्ष जहां पारदर्शिता और पूरी जानकारी सार्वजनिक करने की मांग कर रहा है, वहीं पुरी ने कहा कि पेशेवर जिम्मेदारियों के तहत हुई मुलाकातों को संदर्भ से हटाकर पेश किया जा रहा है। फिलहाल उपलब्ध सार्वजनिक सूचनाओं के आधार पर उनके खिलाफ कोई नया आरोप या कानूनी कार्रवाई सामने नहीं आई है।




