राष्ट्रीय | ABC NATIONAL NEWS | लखनऊ/नई दिल्ली | 31 मार्च 2026
स्मोक अलर्ट के बाद मची हलचल, सूझबूझ से टला बड़ा हादसा; सभी यात्री सुरक्षित
दिल्ली आ रही एक यात्री विमान को उस समय इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी जब उड़ान के दौरान अचानक तकनीकी समस्या सामने आ गई। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि पायलट को 36,000 फीट की ऊंचाई पर ही ‘Mayday’ कॉल जारी करनी पड़ी, जो विमानन क्षेत्र में सबसे उच्च स्तर की आपात स्थिति का संकेत होता है।
जानकारी के अनुसार, Air India Express की यह फ्लाइट पश्चिम बंगाल के बागडोगरा से दिल्ली के लिए रवाना हुई थी। उड़ान सामान्य तरीके से चल रही थी, लेकिन बीच रास्ते में कॉकपिट को विमान के भीतर धुएं (स्मोक) से जुड़ा अलर्ट मिला। यह संकेत मिलते ही पायलट और क्रू सतर्क हो गए और तुरंत स्थिति का आकलन किया गया। सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पायलट ने बिना देरी किए ‘Mayday’ कॉल जारी कर दी।
‘Mayday’ कॉल मिलते ही एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) भी सक्रिय हो गया और नजदीकी सुरक्षित एयरपोर्ट के रूप में लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर इमरजेंसी लैंडिंग की तैयारी शुरू कर दी गई। एयरपोर्ट प्रशासन ने तुरंत फुल इमरजेंसी घोषित कर दी। रनवे पर फायर ब्रिगेड, एंबुलेंस और मेडिकल टीमों को अलर्ट पर रखा गया ताकि किसी भी स्थिति से निपटा जा सके।
विमान में करीब 140 से अधिक यात्री और क्रू सदस्य सवार थे। जैसे ही यात्रियों को स्थिति की जानकारी मिली, कुछ देर के लिए घबराहट का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, उड़ान के दौरान अचानक ऑक्सीजन मास्क नीचे आ गए, जिससे कई यात्री डर गए। हालांकि, केबिन क्रू ने तुरंत यात्रियों को शांत किया और जरूरी निर्देश दिए, जिससे स्थिति नियंत्रण में रही।
पायलट ने अत्यंत सूझबूझ और पेशेवर कौशल का परिचय देते हुए विमान को सुरक्षित रूप से लखनऊ एयरपोर्ट पर उतार लिया। लैंडिंग के तुरंत बाद सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। राहत की बात यह रही कि इस पूरे घटनाक्रम में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
एयरपोर्ट पर मौजूद चिकित्सा टीमों ने यात्रियों की जांच की और जिन्हें हल्की घबराहट या सांस लेने में परेशानी हुई, उन्हें तुरंत प्राथमिक उपचार दिया गया। अधिकतर यात्रियों को कुछ समय बाद ही सामान्य स्थिति में पाया गया।
एयरलाइन की ओर से भी बयान जारी कर कहा गया है कि सुरक्षा मानकों के तहत यह निर्णय लिया गया और सभी यात्री पूरी तरह सुरक्षित हैं। साथ ही यह भी बताया गया कि विमान में आई तकनीकी समस्या की जांच शुरू कर दी गई है और विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट कारण सामने आ सकेगा।
विमानन विशेषज्ञों का कहना है कि ‘Mayday’ कॉल देना एक मानक प्रक्रिया है, जिसका उद्देश्य किसी भी संभावित खतरे से पहले ही निपटना होता है। इस मामले में पायलट की सतर्कता और समय पर लिया गया निर्णय ही बड़ा हादसा टालने में सबसे अहम साबित हुआ।
इस घटना ने एक बार फिर यह दिखाया कि आधुनिक विमानन व्यवस्था में सुरक्षा प्रोटोकॉल कितने मजबूत हैं और आपात स्थिति में किस तरह समन्वय के साथ काम किया जाता है। यात्रियों ने भी पायलट और क्रू की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सूझबूझ के कारण वे सुरक्षित अपने गंतव्य तक पहुंच सके।
फिलहाल, विमान को तकनीकी जांच के लिए रोक लिया गया है और यात्रियों को आगे की यात्रा के लिए वैकल्पिक व्यवस्था उपलब्ध कराई जा रही है। इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां और विमानन विभाग पूरी तरह सतर्क हैं और पूरे मामले की गहन जांच जारी है।




