नई दिल्ली 24 अगस्त 2025
टीम इंडिया के भरोसेमंद बल्लेबाज और ‘वॉल ऑफ टेस्ट क्रिकेट’ कहे जाने वाले चेतेश्वर पुजारा ने मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय और घरेलू क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास की घोषणा कर दी। क्रिकेट जगत में अपनी धैर्यपूर्ण बल्लेबाज़ी और कठिन परिस्थितियों में टीम को संभालने की कला के लिए मशहूर पुजारा के इस फैसले ने फैंस को भावुक कर दिया।
पुजारा ने अपने करियर में भारत के लिए 100 से ज़्यादा टेस्ट मैच खेले और कई बार संकट की घड़ी में टीम को संभालते हुए बड़ी पारियां खेलीं। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में उनकी जुझारू बल्लेबाज़ी आज भी क्रिकेट प्रेमियों की यादों में ताज़ा है। उन्हें भारतीय टेस्ट टीम का स्तंभ माना जाता रहा है।
सौराष्ट्र के इस बल्लेबाज़ ने घरेलू क्रिकेट में भी असाधारण प्रदर्शन किया। रणजी ट्रॉफी में उन्होंने लगातार रन बनाए और भारत के सबसे भरोसेमंद घरेलू क्रिकेटरों में जगह बनाई। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भले ही उन्हें लिमिटेड ओवर क्रिकेट में लंबा करियर न मिल पाया हो, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में उनकी भूमिका ऐतिहासिक रही।
संन्यास की घोषणा करते हुए पुजारा ने बीसीसीआई, टीम इंडिया के साथियों, कोचों, परिवार और प्रशंसकों का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि “भारतीय क्रिकेट की जर्सी पहनना मेरे जीवन का सबसे बड़ा गौरव रहा है और इस सफर में मिले समर्थन को मैं हमेशा याद रखूँगा।”
पुजारा के संन्यास के बाद क्रिकेट जगत से उन्हें शुभकामनाओं का तांता लग गया। दिग्गज खिलाड़ियों और फैंस ने सोशल मीडिया पर उनके योगदान को याद करते हुए उन्हें “आधुनिक दौर का दीवार” बताया।




