एबीसी नेशनल न्यूज | नई दिल्ली | 12 फरवरी 2026
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार की नीतियां किसान विरोधी हैं और भारतीय कृषि क्षेत्र को विदेशी दबाव में खोला जा रहा है। राहुल गांधी ने कहा कि “किसान विरोधी नरेंद्र मोदी ने देश के अन्नदाताओं को, उनके खून-पसीने को ट्रम्प के हाथों बेच दिया है।” उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर क्यों सरकार हमेशा किसानों की कुर्बानी देने को तैयार रहती है।
राहुल गांधी ने अपने बयान में कहा कि पहले सरकार अपने “अरबपति मित्रों” के मुनाफे के लिए कथित काले कानून लेकर आई थी और अब अमेरिकी दबाव के सामने भारतीय खेती के दरवाज़े खोलने का काम किया जा रहा है। उनका इशारा पूर्व में लाए गए कृषि कानूनों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौतों की ओर माना जा रहा है। कांग्रेस नेता ने आशंका जताई कि यदि यही नीति जारी रही तो भविष्य में विदेशी ताकतों और बड़े कॉर्पोरेट समूहों के लिए भारतीय कृषि बाजार और अधिक खोल दिया जाएगा, जिससे छोटे और मध्यम किसानों पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
कांग्रेस सांसद ने यह भी स्पष्ट किया कि वे और उनकी पार्टी किसानों के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा, “मैं और कांग्रेस पार्टी पूरी शक्ति के साथ देश के अन्नदाताओं के साथ खड़े हैं। हम सड़क से संसद तक, हर गांव में, हर मंच पर लड़ेंगे — भारत के किसानों और देश की खाद्य सुरक्षा की रक्षा करेंगे।” कांग्रेस का कहना है कि कृषि क्षेत्र में किसी भी प्रकार का अंतरराष्ट्रीय समझौता किसानों की सहमति और हितों की सुरक्षा के बिना नहीं होना चाहिए।
हालांकि केंद्र सरकार की ओर से अब तक इन आरोपों पर औपचारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। भाजपा नेताओं का पहले भी कहना रहा है कि सरकार की नीतियां किसानों की आय बढ़ाने, निर्यात को प्रोत्साहन देने और कृषि क्षेत्र को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने के उद्देश्य से बनाई जाती हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।




