एबीसी नेशनल न्यूज | लखनऊ | 11 फरवरी 2026
सड़क हादसों के पीड़ितों को मिलेगी त्वरित और उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा
उत्तर प्रदेश सरकार ने आगरा – लखनऊ एक्सप्रेसवे के पास एक अत्याधुनिक ट्रॉमा सेंटर स्थापित करने का निर्णय लिया है। बढ़ते यातायात और सड़क दुर्घटनाओं की संभावनाओं को देखते हुए यह पहल आपात चिकित्सा सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है। मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने Uttar Pradesh University of Medical Sciences (सैफई, इटावा) के अंतर्गत 250 बेड के लेवल-1 ट्रॉमा सेंटर की स्थापना के निर्देश दिए। यह निर्देश उन्होंने विश्वविद्यालय के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स की दूसरी बैठक की अध्यक्षता करते हुए, कुलाधिपति के रूप में जारी किए।
आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से होगा सुसज्जित
प्रस्तावित ट्रॉमा सेंटर को अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरणों और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम से लैस किया जाएगा। यहां इमरजेंसी ऑपरेशन थिएटर, आईसीयू, ब्लड बैंक, वेंटिलेटर सपोर्ट और एडवांस लाइफ सपोर्ट सिस्टम जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी। अधिकारियों के अनुसार, हादसे के बाद के ‘गोल्डन आवर’ में त्वरित इलाज उपलब्ध कराकर गंभीर रूप से घायल मरीजों की जान बचाने की संभावना काफी बढ़ जाएगी।
एक्सप्रेसवे पर दुर्घटना प्रबंधन को मिलेगा मजबूती
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे प्रदेश की महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं में शामिल है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में वाहन गुजरते हैं। ऐसे में दुर्घटना की स्थिति में नजदीक उच्च स्तरीय ट्रॉमा सुविधा उपलब्ध होना अत्यंत आवश्यक है। इस केंद्र के संचालन से न केवल एक्सप्रेसवे पर हादसों के पीड़ितों को राहत मिलेगी, बल्कि आसपास के जिलों के लोगों को भी बेहतर आपात चिकित्सा सेवाएं मिल सकेंगी।
समयबद्ध निर्माण के निर्देश
राज्य सरकार ने संबंधित विभागों को भूमि चयन, भवन निर्माण और आवश्यक चिकित्सा संसाधनों की व्यवस्था शीघ्र पूरी करने के निर्देश दिए हैं। लक्ष्य है कि परियोजना को तय समय सीमा में पूरा कर जनता को समर्पित किया जाए। सरकार का मानना है कि यह ट्रॉमा सेंटर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को और सुदृढ़ करने में अहम भूमिका निभाएगा।




