अवधेश कुमार | नई दिल्ली 4 जनवरी 2026
126 सीटों के लिए बनेगी उम्मीदवारों की सूची
कांग्रेस पार्टी ने असम विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर बड़ा फैसला लिया है। पार्टी ने प्रियंका गांधी वाड्रा को असम के लिए बनाई गई चुनाव स्क्रीनिंग कमेटी का चेयरपर्सन बनाया है। यह नियुक्ति 3 जनवरी 2026 को की गई। कांग्रेस का मानना है कि प्रियंका गांधी की सक्रिय भूमिका से पार्टी को नई ऊर्जा मिलेगी और चुनाव की तैयारी ज़मीनी स्तर पर मजबूत होगी। असम विधानसभा की 126 सीटों के लिए उम्मीदवारों के नाम तय करने का काम यह स्क्रीनिंग कमेटी करेगी। इस चार सदस्यीय कमेटी में प्रियंका गांधी वाड्रा के साथ सप्तगिरि शंकर उलाका, इमरान मसूद और डॉ. सिवेला प्रसाद शामिल हैं। यह पहली बार है जब गांधी परिवार का कोई सदस्य किसी राज्य की चुनावी स्क्रीनिंग कमेटी की कमान संभाल रहा है।
मार्च–अप्रैल 2026 में चुनाव की संभावना
असम में विधानसभा चुनाव मार्च या अप्रैल 2026 में होने की संभावना है। इसी वजह से कांग्रेस ने अभी से अपनी तैयारी तेज कर दी है। पार्टी का फोकस इस बार ऐसे उम्मीदवारों पर रहेगा जो ज़मीन से जुड़े हों, जनता में स्वीकार्य हों और जीतने की क्षमता रखते हों।
हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व वाली बीजेपी को चुनौती
राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, प्रियंका गांधी की यह नियुक्ति सीधे तौर पर बीजेपी के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा और उनकी सरकार को चुनौती देने की रणनीति का हिस्सा है। असम में 2016 से बीजेपी की सरकार है और कांग्रेस इस बार सत्ता में वापसी की कोशिश में जुटी हुई है।
वोट शेयर में कांग्रेस क़रीब, मुकाबला कड़ा
हालिया राजनीतिक आकलनों के मुताबिक, असम में फिलहाल बीजेपी आगे मानी जा रही है, लेकिन कांग्रेस का वोट शेयर करीब 37 प्रतिशत बताया जा रहा है। इससे साफ है कि मुकाबला आसान नहीं होगा। कांग्रेस समर्थकों का कहना है कि प्रियंका गांधी की मौजूदगी से मजबूत उम्मीदवार सामने आएंगे और पार्टी का जनाधार बढ़ेगा।
बीजेपी का दावा, कांग्रेस को भरोसा
वहीं बीजेपी नेताओं का कहना है कि उन्हें अपनी सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों पर पूरा भरोसा है। दूसरी ओर, कांग्रेस इसे असम में नई शुरुआत और बदलाव की दिशा में एक अहम कदम मान रही है। प्रियंका गांधी वाड्रा की यह नई भूमिका असम की राजनीति में नया माहौल बना सकती है और 2026 का चुनाव कांग्रेस और बीजेपी के बीच कड़ा मुकाबला साबित हो सकता है।




